- हड़ताल कर रहे ट्रक ड्रायवर्स के साथ मीटिंग में शाजापुर कलेक्टर किशोर कान्याल ने कहे थे अपशब्द, वीडियो हो गया था वायरल…
भोपाल : मध्यप्रदेश के शाजापुर कलेक्टर किशोर कन्याल पर गाज गिरी है। यह गाज खुद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने गिराई है। उन्होंने कलेक्टर को तत्काल हटा दिया है। 2013 बैच के आइएएस आफिसर किशोर कन्याल को मंत्रालय में उप सचिव बनाया गया है। जबकि 2014 बैच की आइएएस आफिसर ऋजु बाफना को शाजापुर का कलेक्टर बनाया है। ऋजु बाफना फिलहाल नरसिंहपुर की कलेक्टर हैं।
एक दिन पहले ट्रक ड्राइवर्स की हड़ताल के बीच शाजापुर कलेक्टर का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें एक मीटिंग के दौरान कलेक्टर एक ड्राइवर से औकात पूछते नजर आ रहे हैं। हालांकि बाद में कलेक्टर किशोर कान्याल ने अपने शब्दों के इस्तेमाल को लेकर अफसोस भी प्रकट किया था।
एक्शन में सीएम- बोले- सम्मान होना चाहिए
मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव ने एक वीडियो जारी कर कहा है कि यह सरकार गरीबों की सरकार है। सबके काम का सम्मान होना चाहिए और भाव का भी सम्मान होना चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी के नेतृत्व में हम गरीबों के कल्याम के लिए काम कर रहे हैं। हम लगातार गरीबों की सेवा कर रहे है। मुख्यमंत्री ने कहा मनुष्यता के नाते ऐसी भाषा हमारी सरकार में बर्दाश्त नहीं। मैं खुद मजदूर परिवार का बेटा हूं। इस तरह की भाषा बोलना उचित नहीं है। अधिकारी भाषा और व्यवहार का ध्यान रखें।
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क्या हुआ था कल
ड्राइवरों के साथ बैठक में कलेक्टर ने खो दिया था आपा
शाजापुर कलेक्टर रहते हुए किशोर कन्याल ने मंगलवार को बस और ट्रक ड्राइवर्स के साथ बैठक की थी, जिसमें उन्होंने अपना आपा खो दिया था। कलेक्टर ने सख्त लहजे में कहा था कि किसी भी हालत में कोई भी कानून हाथ में नहीं लें। इस पर वाहन चालक ने सिर्फ इतना कहा कि साहब ठीक से बोलो। इस पर कलेक्टर भडक गए और आग-बबूला होकर बोले, मैंने कहा- उसमें गलत क्या है। समझ क्या रखा है, क्या करोगे तुम, तुम्हारी औकात क्या है। इस पर वाहन चालक ने कहा कि साहब हमारी यही तो लड़ाई है कि हमारी कोई औकात नहीं है। इस पर कलेक्टर ने कड़े शब्दों में कहा, लड़ाई ऐसे नहीं होती है। कोई भी कानून अपने हाथ में न लें। बैठक के बीच ठीक से बोलने का आग्रह करने वाले वाहन चालक को बैठक के बाद कलेक्टर किशोर कन्याल और एसपी यशपाल सिंह सिसौदिया ने अलग से बुलाकर समझाइश दी। इसके बाद देर रात कलेक्टर ने अपना स्पष्टीकरण दिया कि किसी को ठेस पहुंचाने का उद्देश्य नहीं था। कलेक्टर बोले कि वाहन चालक गलत बात कर रहा था।

