- दिन ढ़लते ही डाॅक्टर और नर्स मिलती हैं स्वास्थ्य केन्द्र से गायब
- स्वास्थ्य केन्द्र के चिकित्सक सीएमओ को देते हैं स्वास्थ्य केन्द्र पर हर समय रहने की दिलासा
- इमरजेंसी में अगर कोई मरीज पहुँच भी जाए तो इलाज की कोई उम्मीद तक नहीं
चंद्र प्रकाश पांडेय
दैनिक उजाला, बलदेव/मथुरा: मथुरा से मात्र 16 किलोमीटर की दूरी पर बलदेव विधानसभा के ग्राम अमीरपुर में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बयां करता है कि वह खुद बीमार है। कोई मरीज वहां अपने स्वास्थ्य बेहतर होने की कामना न करे। इसका अंदाजा शाम ढ़लते ही यहां पहुंचकर लगाया जा सकता है।
दैनिक उजाला बात कर रहा है बलदेव के ग्राम अमीरपुर स्थित डोरीलाल सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की। यह अस्पताल काफी वर्ष पुराना है। बलदेव कस्बा और उसके कुछ गांवों के आसपास सिर्फ एक ही यह स्वास्थ्य केन्द्र है। कुछ गांव और भगवान श्रीकृष्ण के बडे़ भाई बलदाऊ की नगरी होने के कारण यहां के वासिंदे इस स्वास्थ्य केन्द्र से काफी उम्मीदें भी रखते आये हैं, लेकिन यहां के तीमारदारों ने ही स्वास्थ्य केन्द्र को बीमार कर रखा है।
आपको बता दें कि दैनिक उजाला न्यूज पोर्टल के रिपोर्टर स्वंतत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शाम करीब 7 बजकर 30 मिनट के आसपास एक मरीज रिषीकांत उपाध्याय को लेकर अचानक बलदेव सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचे। यहां स्वास्थ्य केन्द्र के गेट अंधेरे छाया हुआ था। मरीज को लेकर ही रिपोर्टर अंदर पहुंचे तो कक्षों की लाइटें जली हुई थी, लेकिन सभी में ताले लटके हुए थे। स्वास्थ्य केन्द्र के कक्षों में लटके हुए ताले बयां कर रहे थे कि काफी समय से यहां डाॅक्टर या फिर कोई भी नर्स की उपस्थिति नहीं हुई है।
इसके बाद हमने मुख्य गेट दाएं तरफ यानि इंजेक्शन कक्ष का ताला तो खुल रहा था, लेकिन उसमें अंदर अंधेरा छाया हुआ था। इसके बगल में ओपीडी कक्ष पर ताला लटका हुआ देखा गया। उसके पास डाॅक्टर कक्ष पर ताला लटका हुआ था। रिपोर्टर ने इस स्थिति को अपने कैमरे में कैद किया और फिर से बाहर आकर आधा घंटे तक इंतजार किया, तो यहां एक महिला नर्स पहुंची। उनसे जानकारी मिली कि वह तो अभी आयी हैं, अपना नाम बताने पर उन्होंने आनाकानी की।
इसके बाद रिपोर्टर ने तत्काल ही 8006243076 पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. अजय कुमार वर्मा को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के बारे में जानकारी दी। जानकारी के तत्काल बाद ही रिपोर्टर के पास डा. राहुल सिंह का फोन आता है।
इसके बाद फिर से रिपोर्टर ने सीएमओ को फोन लगाकर कार्यवाही के बारे में जानकारी ली। इसके बाद सीएमओ के माध्यम से ही पता चला कि डाक्टर ने वहां पहुंचकर वीडियो काॅल के माध्यम से दिलासा दिलाई कि डाक्टर वहां उपस्थित हैं। जबकि रिपोर्टर ने किसी डाक्टर और नर्स की उपस्थित न होने और सभी कक्षों पर लटके हुए ताले की वीडियो भी रिकाॅर्ड की है।
क्या कहते डा. राहुल
सीएमओ को जानकारी देने के बाद रिपोर्टर के पास फोन कर डा. राहुल सिंह कहते हैं कि क्या हम लोग पानी पीने या शौच के लिए भी नहीं जा सकते। रिपोर्टर ने कहा कि मैं इस संबंध में आपसे कुछ नहीं कह रहा। रिपोर्टर बोला कि मैंने वहां एक घंटे करीब बिताया, लेकिन वहां सिर्फ एक नर्स पहुंची। इसके बाद डा. राहुल ने कहा कि हम सभी स्वास्थ्य केन्द्र परिसर में बने आवास पर थे।
एक मरीज कहां भटके
स्थानीयों जिस उम्मीदों को लेकर यह स्वास्थ्य केन्द्र बलदेव में स्थापित है, उन उम्मीदों पर खरा नहीं उतर रहा है। शाम ढलते ही डाॅक्टर गायब हो जाते हैं। इमरजेंसी में आया मरीज कहां और किसे देखे। ऐसा कोई पहली बार नहीं है। सीएमओ अचानक यहां दौरा कर स्थिति से सामना कर सकते हैं, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी न हो और गायब रहने वाले डाक्टरों पर एक्शन हो सके।

