नई दिल्ली : पत्नी से किया था लौटने का वादा, पिता का रो-रोकर बुरा हाल…अब पुलवामा से शहीद जवान का पार्थिव शरीर आएगा। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में ड्यूटी पर तैनात झारखंड के लाल सीआरपीएफ जवान अजय कुमार राय आतंकियों के साथ हुई मुठभेड़ में शहीद हो गए। जैसे ही अजय के परिवारवालों को बेटे के शहीद होने की खबर मिली तो सबका रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
अजय देवरी थाना इलाके के ढेंगाडीह के रहने वाले थे, लेकिन अभी वे गिरिडीह के सिरसिया के पटेल नगर में अपने परिवार के साथ रहे थे, जहां उन्होंने किराए पर घर लिया हुआ था। अजय के शहीद होने की खबर फैलते ही उनके घर में लोगों की भीड़ उमड़ गई। अजय अपने पीछे माता पिता एवं पत्नी को छोड़ गए हैं। 2017 में सीआरपीएफ में अजय की पहली पोस्टिंग हुई थी।

शहीद अजय अपने घर लौटने की तैयारी कर कर चुका था। उसने इसके लिए टिकट भी बुक कर ली थी। वह हवाई मार्ग से गिरिडीह अपने घर आने वाले थे। वह शनिवार को घर आने वाले थे। शुक्रवार की रात को अपनी पत्नी स्वाति को मोबाइल पर फोन कर बताया था कि वे आज घर आएंगे। घर वापस लौटने के पहले रात 12 बजे से सुबह 3 बजे तक उनकी ड्यूटी थी, लेकिन इस दौरान वह आतंकियों का सामना कर भारत माता की रक्षा करते हुए प्राण दे बैठे।
झारखंड मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने ट्वीट कर कहा, ”जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में झारखंड की माटी के लाल गिरिडीह के ढेंगाडीह गांव से सीआरपीएफ जवान अजय कुमार राय के शहीद होने की खबर से मन अत्यंत दुःखी है। परमात्मा दिवंगत अमर वीर शहीद अजय कुमार की आत्मा को शांति प्रदान कर शोकाकुल परिवारजनों को दुःख की यह विकट घड़ी सहन करने की शक्ति दे।”

