- गौतमबुद्धनगर जिले के नोएडा में निजी कंपनियों के कर्मचारियों का प्रदर्शन जारी है, कर्मचारियों ने कंपनियों की पोल खोल दी है, कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें कम वेतन दिया जाता है
गौतमबुद्धनगर : उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिले के वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। प्रदर्शन के दौरान गाड़ियों और प्रॉपर्टी को नुकसान पहुंचाया गया और पत्थरबाज़ी भी हुई। यहां भारी पुलिस बल को तैनात किया गया है। कर्मचारियों के विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस की गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई, साथ ही आग भी लगा दी गई। कुछ अन्य गाड़ियों को भी फूंक दिया गया। फेज 2 में पत्थरबाजी करने वाले प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए पुलिस ने स्मॉग गन चलाई है। वहीं, कर्मचारियों ने फैक्ट्रियों के सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए हैं। उनके हाथों में लाठी डंडे हैं। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने बातचीत करने पर कंपनियों की पोल खोली है।

नोएडा में वेतन की मांग को लेकर प्रदर्शन
नोएडा में विरोध प्रदर्शन करने वालों में शामिल लक्ष्मी कहती हैं, “मैं मदरसन में काम करती हूं। वे हमें कम सैलरी दे रहे हैं। हम ज़्यादा सैलरी चाहते हैं। जब हमने धरने पर बैठकर विरोध प्रदर्शन किया, तो उन्होंने बिना हमारी किसी गलती के हमें पीटा। सिलिंडर, सब्जियां और हर सामान महंगा हो गया है। आज जब हमने विरोध किया, तो हमें पीटा गया। मेरे पैरों पर चोट लगी। मेरी मांग है कि हमें सैलरी के तौर पर 20,000 रुपये दिए जाएं। तभी हम अपना गुजारा कर पाएंगे, वरना यह विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।

नोएडा में वेतन की मांग को लेकर प्रदर्शन
ग्रेटर नोएडा में प्रदर्शन कर रहे श्रमिकों ने बताया कि उन्हें ओवरटाइम का भी पैसा नहीं मिलता है। लगातार 11 महीने नौकरी करने पर 1000 बोनस के तौर पर दिया जाता था। जिसको अब 900 रुपये कर दिया गया। इसके साथ ही आठ घंटे की नौकरी की जगह 10 घंटे की नौकरी कराई जाती और बढ़ा हुआ पैसा भी नहीं मिलता है। उन्होंने बताया कि जो रेगुलर कंपनी में काम कर रहे हैं उन्हें उनका 6000 बढ़ा दिया गया और हमारा पैसा बढ़ाने में आनाकानी की जा रही है।

राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेंद्र कश्यप
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि नोएडा में आंदोलन करने वाले सभी लोगों से मैं अपील करूंगा कि वे प्रदेश में शांति के लिए ऐसा कोई कदम ना उठाएं जिससे कानून व्यवस्था में कोई बाधा पैदा होती है। प्रदेश ने विकास की दिशा में कदम आगे बढ़ाए हैं। MSME, उद्योग, रोजगार की बात हो, हर दिशा में प्रदेश आगे बढ़ा है। मैं आंदोलनकारी लोगों से कहूंगा कि किसी के बहकावे में ना आएं। सरकार उनकी समस्याओं का समाधान करने में आगे बढ़ेगी।”

नोएडा में वेतन की मांग को लेकर प्रदर्शनकारियों ने फूंकी गाड़ी
नोएडा में हिंसक प्रदर्शन
वेतन वृद्धि और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों की मांग को लेकर नोएडा में प्राइवेट कंपनी के कर्मचारियों का आंदोलन लगातार उग्र होता जा रहा है। सोमवार सुबह, पिछले तीन दिनों से धरना प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का गुस्सा फूट गया। प्रदर्शन ने तब हिंसक रूप ले लिया जब कर्मचारियों ने सड़कों पर उतरकर पत्थरबाजी शुरू कर दी।

नोएडा में वेतन की मांग को लेकर प्रदर्शनकारियों ने फूंकी पुलिस की गाड़ी
साथ ही पुलिस की गाड़ियों के साथ ही कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया। कंपनी में भी तोड़फोड़ की गई। इस दौरान पुलिसकर्मी भी घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, हिंसक प्रदर्शन से गौतमबुद्धनगर जिले के कई इलाकों में जाम की स्थिति पैदा हो गई है। ट्रैफिक जाम के कारण दफ्तर जाने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा।

नोएडा में वेतन की मांग को लेकर प्रदर्शनकारियों ने फूंकी गाड़ी
नोएडा के फेज-2 इलाके में भी तोड़फोड़ की व्यापक घटनाएं सामने आईं। सेक्टर-84 में वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया, जबकि अन्य संपत्तियों को भी नुकसान पहुंचाया गया। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है, लेकिन तनाव का माहौल बना हुआ है।

नोएडा में कर्मचारियों का प्रदर्शन
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस वाहन को भी क्षतिग्रस्त कर पलट दिया, जिसका वीडियो भी सामने आया है। इसके अलावा पुलिस की एक गाड़ी को आग के हवाले कर दिया गया।

नोएडा में कर्मचारियों का प्रदर्शन
प्रशासन की कोशिशें और कर्मचारियों का आक्रोश
स्थिति बिगड़ने पर पुलिस और प्रशासन सक्रिय हुआ। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि, जब भीड़ नियंत्रण से बाहर होती दिखी, तो हल्का बल प्रयोग कर उन्हें हटाया गया। इसके बाद कुछ इलाकों में हालात धीरे-धीरे सामान्य होने लगे, लेकिन तनाव अभी भी बरकरार है।

