चंडीगढ़ : हरियाणा में राज्यसभा चुनाव में एक सीट जीतने के बाद भी कांग्रेस में घमासान मचा है। सिरसा विधायक गोकुल सेतिया और नांगल चौधरी विधायक मंजू चौधरी चंडीगढ़ में पार्टी ऑफिस के बाहर धरने पर बैठ गई हैं।
दोनों विधायकों का कहना है कि हमारे नाम वोट रद्द होने वाले विधायकों में उछाले जा रहे हैं। हमारी मांग है कि कांग्रेस क्रॉस वोटिंग और वोट रद्द होने वाले विधायकों के नाम सार्वजनिक करे। पार्टी को धोखा देने वाले विधायकों को निकाला जाए।
वहीं, हार के बाद निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट जाने की तैयारी में हैं। एक मीडिया चैनल से बातचीत में उन्होंने कहा कि ऐलनाबाद से कांग्रेस विधायक भरत सिंह बेनीवाल का वोट रद्द होना चाहिए। बेनीवाल जब वोट देने आए थे, तब भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने उन्हें हाथ लगाया था, जबकि इस दौरान दूर रहना होता है। हुड्डा वोट को हाथ में लेने का प्रयास कर रहे थे।
एक सीट भाजपा, एक कांग्रेस को मिली

क्रॉस वोटिंग करने वालों को शोकॉज नोटिस जारी होगा
कर्मवीर बौद्ध की जीत के बाद भी कांग्रेस हाईकमान खुश नहीं है। इसकी सीधी वजह 5 विधायकों द्वारा की गई क्रॉस वोटिंग है। हालांकि, अभी तक इन पांच विधायकों के नाम की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक, पार्टी अभी इन विधायकों को सीधे सस्पेंड करने के बजाय कारण बताओ नोटिस भेजेगी।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने कहा- सभी विधायकों को पार्टी लाइन में वोट करने के निर्देश थे। सभी विधायकों को शिमला में दो दिन ट्रेनिंग भी दी गई ताकि कोई चूक न हो। क्रॉस वोटिंग का मामला सोची-समझी रणनीति के तहत हुआ है, यह गलती नहीं है। दूसरे राज्यों में भी हाईकमान ने सख्त फैसले लिए हैं, आने वाले दिनों में हरियाणा में भी सख्त कार्रवाई होगी।

