Breaking
Sat. Mar 21st, 2026

राष्ट्रपति ने गोवर्धन की परिक्रमा की:गोल्फ कार्ट से डेढ़ घंटे में 21 किमी. पूरे किए; गोवर्धन जाने वाली पहली राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू

मथुरा : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का मथुरा प्रवास का आज अंतिम दिन है। वह शनिवार सुबह करीब साढ़े 8 बजे वृंदावन के रेडिसन होटल से दानघाटी मंदिर पहुंचीं। यहां गिरिराज जी के दर्शन किए। वहां पर उनका दूध से अभिषेक और प्रसाद अर्पित किया। उनके साथ राज्यपाल आंनदीबेन पटेल भी रहीं।

यहां से पूजा अर्चना करने के बाद राष्ट्रपति ने गोल्फ कार्ट से परिवार संग 21 किलोमीटर की गोवर्धन परिक्रमा शुरू की। करीब डेढ़ घंटे में उन्होंने परिक्रमा पूरी की। परिक्रमा के दौरान कुछ दूर राष्ट्रपति पैदल भी चलीं। इस दौरान लोगों का हाथ जोड़कर अभिवादन भी स्वीकार किया। उसके बाद हेलिकॉप्टर से दिल्ली के लिए रवाना हो गईं।

दरअसल, राष्ट्रपति मुर्मू, यूपी के 3 दिन के दौरे पर थीं। गुरुवार को उन्होंने अयोध्या में रामलला के दर्शन किए थे। फिर शाम को मथुरा पहुंचीं। शुक्रवार सुबह संत प्रेमानंद जी से उनके आश्रम जाकर मुलाकात की। संत प्रेमानंद ने राधे-राधे कहकर उनका अभिवादन स्वीकार किया।

आश्रम में राष्ट्रपति का संतों ने माला-चुनरी ओढ़ाकर स्वागत किया। राष्ट्रपति ने प्रेमानंद जी को जन्मदिन की भी बधाई दी। गुरुवार यानी 19 मार्च को उनका 56वां जन्मदिन था।

राष्ट्रपति मुर्मू का मथुरा का यह दूसरा दौरा है। इससे पहले वह पिछले साल 25 सितंबर को आई थीं। तब बांके बिहारी के दर्शन किए थे।

राष्ट्रपति गोल्फ कार्ट से गोवर्धन की परिक्रमा के लिए निकलीं।

राष्ट्रपति गोल्फ कार्ट से गोवर्धन की परिक्रमा के लिए निकलीं।

गोवर्धन की परिक्रमा से पहले दानघाटी मंदिर में गिरिराज जी का दर्शन-पूजन किया।

गोवर्धन की परिक्रमा से पहले दानघाटी मंदिर में गिरिराज जी का दर्शन-पूजन किया।

गोवर्धन की परिक्रमा से पहले दानघाटी मंदिर में राष्ट्रपति के साथ राज्यपाल आंनदीबेन पटेल भी रहीं।

गोवर्धन की परिक्रमा से पहले दानघाटी मंदिर में राष्ट्रपति के साथ राज्यपाल आंनदीबेन पटेल भी रहीं।

गोवर्धन परिक्रमा के दौरान कुछ दूर राष्ट्रपति पैदल चलीं। इस दौरान उन्होंने सभी को नमस्कार किया।

गोवर्धन परिक्रमा के दौरान कुछ दूर राष्ट्रपति पैदल चलीं। इस दौरान उन्होंने सभी को नमस्कार किया।

गिरिराज जी की नगरी गोवर्धन में जाने वालीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू स्वतंत्र भारत की पहली राष्ट्रपति हैं।

गिरिराज जी की नगरी गोवर्धन में जाने वालीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू स्वतंत्र भारत की पहली राष्ट्रपति हैं।

गोवर्धन जाने वाली पहली राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू स्वतंत्र भारत की पहली राष्ट्रपति हैं, जो गोवर्धन पहुंचीं। गिरिराज जी की नगरी गोवर्धन में राष्ट्रपति के आगमन को लेकर खास तैयारी रही। पूरे गोवर्धन को दुल्हन की तरह सजाया गया। तिराहा चौराहा पर रंग बिरंगी लाइटों से सजावट की गई। दानघाटी मंदिर में गिरिराज जी का रंग बिरंगे फूली से शृंगार किया गया।

गिरिराज जी का रंग-बिरंगे फूलों से शृंगार किया गया है।

गिरिराज जी का रंग-बिरंगे फूलों से शृंगार किया गया है।

एक दिन पहले संत प्रेमानंद महाराज से की थी मुलाकात

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ उनकी बेटी इतिश्री मुर्मू, दामाद गणेश हेम्ब्रम और दोनों नातिनें आद्याश्री और नित्याश्री मौजूद थीं। केलीकुंज आश्रम में राष्ट्रपति और उनके परिवार के लिए कुर्सियां लगाई गई थीं।

बताया जा रहा है कि संत प्रेमानंद महाराज के साथ आध्यात्मिक चर्चा के दौरान राष्ट्रपति भाव-विभोर दिखीं। इस दौरान कुटिया में सिर्फ राष्ट्रपति, उनके परिजन और संत के करीबी शिष्य ही मौजूद रहे।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *