- दैनिक उजाला की खबर के बाद पुलिस लिखी जीप पर लगी नंबर प्लेट, लेकिन एक नंबर को क्यों छुपाया ?
- क्या टूरिस्ट गाड़ी का प्रयोग कर रहे हैं बाद चौकी इंचार्ज, ऐसा नहीं तो पीली नंबर प्लेट क्यों ?
- परिवहन विभाग के नियमानुसार निजी वाहन पर सफेद नंबर प्लेट और टूरिस्ट वाहन पर पीली नंबर प्लेट का होता है प्रयोग
मथुरा : बीते कई माह से नेशनल हाईवे 19 पर दिन-रात फर्राटा भर रही पुलिस लिखी बिना नंबर प्लेट जीप पर दैनिक उजाला लाइव की खबर के बाद नंबर प्लेट लग गई। टाउनशिप स्थित बाद चौकी के समीप बुधवार पुल के नीचे खड़ी पुलिस लिखी जीप पर पीली नंबर प्लेट लगी हुई देखी गई। बावजूद संशय बरकरार है कि पीली नंबर प्लेट क्यों और नंबर प्लेट के एक अंक को छुपाया क्यों गया है।
मंगलवार को दैनिक उजाला लाइव पर ‘जब हम कोतवाल तो फिर डर काहे का, आखिर किसे मुंह चिढ़ा रही बिना नंबर प्लेट जीप‘ शीर्षक नाम से खबर प्रकाशित होने के अगले दिन बुधवार को बाद पुलिस चौकी के समीप खड़ी पुलिस लिखी जीप पर पीली नंबर प्लेट देखी गयी। यहां से हर घंटे गुजरने वाले हजारों वाहन चालकों में संशय यही बरकरार है कि पुलिस लिखी जीप पर ये पीली नंबर प्लेट क्यों ?
अगर पीली नंबर प्लेट लगी भी है तो फिर इस प्लेट पर एक नंबर को छुपाया क्यों गया है ? क्या यह नंबर प्लेट इस पुलिस लिखी जीप की नहीं है ? प्लेट के एक नंबर को एक कपड़े का टुकड़ा बांधकर इस तरीके से छुपाया गया है कि वह किसी को नजर भी न आये और नंबर प्लेट लगी हुई दिखे।

परिवहन विभाग के नियमानुसार तो पीली प्लेट टै्रवल्स के वाहनों पर लगायी जाती है। निजी प्रयोग के वाहनों पर सफेद नंबर प्लेट का प्रयोग होता है। क्या पीली प्लेट लगाकर संबंधित पुसिलकर्मी इस पुलिस लिखी जीप के माध्यम से ट्रेवल्स का भी कार्य करते हैं ?, लेकिन नंबर बिल्कुल साफ और सुथरे दिखाई देने चाहिए।

ये पुलिसकर्मी हैं कानून इनके हाथ में है, तो डर क्यों ?
यह मथुरा पुलिसकर्मी है, जो कि कुछ भी कर सकते हैं। कानून सिर्फ और सिर्फ आम आदमियों के लिए है। अगर ऐसा नहीं है तो इतने से बिना नंबर प्लेट के यह जीप क्यों दौड़ रही थी और नंबर लगने के बाद एक नंबर क्यों छुपाया और पीली प्लेट क्यों। आखिर इस जीप और संबंधित पुलिसकर्मी पर कार्यवाही कौन करेगा ?


