बागपत : बागपत में बुधवार को कोऑपरेटिव शुगर मिल के मुख्य गन्ना अधिकारी (CCO) राजदीप बालियान को 15 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है। गन्ना तौल लिपिक ने राजदीप बालियान पर गन्ना क्रय केंद्र पर ड्यूटी लगाने के लिए रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था।
लिपिक विशेष कुमार ने इस संबंध में मेरठ एंटी करप्शन टीम से शिकायत की थी। शिकायत के बाद टीम ने जाल बिछाया और मुख्य गन्ना अधिकारी को उनके कार्यालय से रंगे हाथों रिश्वत लेते हुए पकड़ा। राजदीप बालियान को खींचते हुए एंटी करप्शन टीम कोतवाली ले गई, जहां उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

मेरठ की 7 सदस्यीय एंटी करप्शन टीम ने मुख्य गन्ना अधिकारी राजदीप बालियान को उनके कार्यालय से रंगेहाथ पकड़ा।
शिकायकर्ता विशेष कुमार ने बताया- उन्होंने मुख्य गन्ना अधिकारी राजदीप बालियान से गन्ना माप-तौल केंद्र पर ड्यूटी लगाने की मांग की थी। लेकिन राजदीप ने उनसे 15 हजार की रिश्वत मांगी। धमकी दी थी- अगर पैसे नहीं दिए तो नौकरी गन्ना मिल के गेट पर लगा दूंगा। तुझसे चौकीदारी करवाउंगा।
सिविल ड्रेस में पहुंची एंटी करप्शन टीम
बुधवार दोपहर करीब 12:30 बजे मेरठ से एंटी करप्शन की 7 सदस्यीय टीम डीएम कार्यालय से 4 किलोमीटर दूर गन्ना मिल में स्थित मुख्य गन्ना अधिकारी के कार्यालय पहुंची। टीम सिविल ड्रेस में थी।
टीम ने मुख्य गन्ना अधिकारी को रंगे-हाथ पकड़ने के लिए जाल बिछाया। दोपहर करीब 1:30 बजे जैसे ही विशेष कुमार ने राजदीप को 15 हजार रुपए थमाए, वैसे ही टीम ने रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद टीम उन्हें पकड़कर कोतवाली ले गई। फिलहाल टीम कोतवाली में आरोपी से पूछताछ कर रही है। इसके बाद उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर टीम उन्हें मेरठ ले जाएगी।
टीम ने बताया- आरोपी अधिकारी के कार्यालय में कार्यरत गन्ना तौल लिपिक विशेष कुमार की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है।

लिपिक विशेष कुमार की शिकायत पर एंटी करप्शन की टीम ने कार्रवाई की है।

लिपिक विशेष कुमार ने बताया- मुख्य गन्रा अधिकारी राजदीप पैसे लेकर ही कर्मचारियों को मनपसंद पोस्टिंग देते हैं।
एक साल पहले भी लगे थे आरोप
विभागीय कर्मचारियों ने बताया- एक साल पहले भी मुख्य गन्ना अधिकारी के खिलाफ लिपिक विशेष कुमार ने ही घूसखोरी और भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कार्यालय में धरना-प्रदर्शन किया था। विशेष कुमार ने आरोप लगाया था कि राजदीप बालियान पैसे लेकर अपने पसंदीदा कर्मचारियों को मनपसंद तौल केंद्र पर ड्यूटी देते हैं। पैसे न देने पर प्रताड़ित करते हैं।
मालूम हो कि महज तीन दिनों के भीतर ये दूसरी बड़ी कार्रवाई है। इससे पहले बागपत की खेकड़ा तहसील में एंटी करप्शन टीम ने बड़ी कार्रवाई की थी, जहां एसडीएम खेकड़ा के निजी ड्राइवर को एक लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया था। उस मामले में भी जमीन की कुर्रेबंदी के नाम पर रिश्वत मांगी गई थी।

