Breaking
Tue. Mar 31st, 2026

उत्तराखंड में फिर से हुआ बड़ा हादसा: अब छह मजदूरों की मौत, कई गंभीर रुप से घायल

देहरादून : उत्तराखंड के रुड़की में मंगलवार सुबह दर्दनाक हादसा हो गया। मंगलौर कोतवाली के लहबोली गांव में ईंट भट्टे की दीवार अचानक गिर गई। इस दौरान आधा दर्जन से ज्यादा मजदूर मलबे के नीचे दब गए। इस दौरान छह मजदूरों के शव निकाले गए, जबकि दस मजदूर घायल हो गए, जिसमें से दो की हालत गंभीर है।

जानकारी के अनुसार, सुबह ईंट पकाने के लिए चिमनी में ईंट भरते समय हादसा हुआ। मजदूर काम कर ही रहे थे कि दीवार अचानक भरभराकर गिर गई। इससे पहले कोई कुछ समझ पाता दीवार के पास खड़े मजदूर मलबे में दब गए।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रमेंद्र डोभाल सहित पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी बचाव कार्यों की निगरानी के लिए घटनास्थल पर पहुंचे। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि उत्तराखंड में हरिद्वार के लाहबोली गांव में मंगलवार सुबह ईंट भट्ठा की दीवार गिरने से कम से कम छह ईंट भट्ठा मजदूरों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।

मृतकों के नाम

मुकुल(28) पुत्र सुभाष ग्राम निवासी उदलहेड़ी
साबिर(20) पुत्र महबूब निवासी मिमलाना, मुजफ्फरनगर
अंकित (40) पुत्र धर्मपाल ग्राम उदलहेड़ी
बाबूराम(50) पुत्र कालूराम निवासी लहबोली
जग्गी(24) पुत्र बिस्म्बर, निवासी पिनना, मुजफनगर
समीर पुत्र महबूब, निवासी गांव मिमलाना जिला मुजफ्फरनगर
घायलों के नाम
रवि पुत्र राजकुमार(25) बड़ौत
इंतजार पुत्र लतीफ(25), निवासी चुड़ियाला

परिजनों और ग्रामीणों का हंगामा

मृतकों के परिजनों और ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा किया। साथ ही शव उठाने से इंकार कर दिया है। जिसे लेकर ग्रामीणों और पुलिस में तीखी नोकझोंक हो गई। मौके पर आस-पास के थानों और कोतवाली का फोर्स बुलाया गया। वहीं जिलाधिकारी और एसएसपी की ओर से ग्रामीणों को समझने का प्रयास किया गया। लेकिन ग्रामीण की 10 से 15 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग पर अड़े रहे।

करीब एक घंटे हंगामे के बाद मुआवजे की मांग पूरी होने पर ग्रामीणों ने शव उठने दिए। मृतक के परिजनों को ईंट भट्ठा मालिक की ओर से साढ़े तीन-तीन लाख और मुख्यमंत्री की ओर से ढाई-ढाई लाख की धनराशि मुआवजे के रूप में देने की घोषणा की गई है। इसके बाद पुलिस ने पांचों शवों को पोस्टमार्टम के लिए रुड़की सिविल अस्पताल भेज दिया।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *