पटना : ‘सीएम नीतीश की हरकत गलत थी। वो महिला सिर्फ अपने धर्म का पालन कर रही थी। अगर सीएम को महिला का हिजाब किसी कारण हटाना ही था तो उन्हें अपनी महिला स्टाफ को बोलना चाहिए था। सीएम ने महिला सुरक्षा पर काफी काम किया, लेकिन उनकी ये हरकत शर्मिंदगी की बात है।’ ये प्रतिक्रिया पटना की रहने वाली खुशी रानी की है।
दरअसल, पटना में सोमवार को नियुक्ति पत्र बांटने के दौरान नीतीश कुमार ने एक मुस्लिम महिला डॉक्टर का हिजाब हटा दिया था। इसे लेकर अब कन्ट्रोवर्सी तेज होती जा रही है। इस मुद्दे को लेकर छात्रा साजमा ने एक कविता भी कही है, ‘औरत हैं हम, भारत की बेटी हैं हम। ना करो जुर्म हम पर, भारत की बेटी हैं हम। प्यार दुलार के मुस्ताक हैं हम, भारत की बेटी हैं हम।’

नियुक्ति पत्र बांटते वक्त सीएम ने महिला डॉक्टर का हिजाब हटाया था।
सीएम लड़की को बोल देते, वो खुद हिजाब हटा लेती
आराध्या राज ने कहा कि नीतीश कुमार ने जो किया है वह काफी गलत है। उनका हिजाब हटाने का तरीका सही नहीं था। कोई भी महिला उनके इस हरकत से शर्मिंदा महसूस कर सकती है। अगर सर्टिफिकेट देने के दौरान उन्हें ऐसा लग रहा था कि फोटो खिंचाने के लिए महिला का चेहरा क्लियर आए तो उन्हें महिला को हिजाब खुद हटाने के लिए बोलना चाहिए था।
यहां बात हिंदू या मुस्लिम की नहीं है बल्कि एक लड़की की है। उनकी यह हरकत गलत थी।
मुख्यमंत्री की ऐसी हरकत शर्म की बात है
सामिया अली ने कहा कि मुख्यमंत्री को इस चुनाव में सबसे ज्यादा वोट मिले हैं तो वह महिला सशक्तिकरण, महिलाओं की सुरक्षा को लेकर हैं। जब किसी राज्य का मुख्यमंत्री एक पब्लिक प्लेटफॉर्म पर ऐसी हरकत करते हुए दिखेगा तो यह हमारे लिए शर्म की बात है।
इससे जनता को गलत मैसेज जाता है। इस्लाम कभी भी किसी को फोर्स करने की इजाजत नहीं देता है।
सीएम ने ठीक नहीं किया
साजमा ने कहा कि मुख्यमंत्री का किसी लड़की का हिजाब हटाना सही नहीं था। हमारे धर्म में हिजाब पहनना किसी भी लकड़ी की पर्सनल चॉइस होती है। मुख्यमंत्री ने जो किया वह गलत है। यह चीज नहीं होनी चाहिए।
सीएम एक पद है, गरिमा बनाकर रखना चाहिए
दृष्टि प्रकाश ने कहा कि मुख्यमंत्री ने जो किया वह गलत है। वो महिला जिस धर्म से आती है उस धर्म के कुछ रूल्स एंड रेगुलेशन है, जिसे वह फॉलो करतीं हैं। अगर उनकी जगह कोई हिन्दू लड़की सिर पर आंचल ओढ़ी रहती तो क्या उसके आंचल को खींच दिया जाता?
मुख्यमंत्री एक एक पद पर हैं, तो उसकी गरिमा को बनाए रखना उनका फर्ज बनता है। बहुत मुस्लिम महिलाएं सेकुलर फैमिली से आती हैं, जिसमें हिजाब लेना जरूरी होता है। किसी महिला को भूत बनकर घूमने का शौक नहीं होता है। मुख्यमंत्री को ऐसा नहीं करना चाहिए था।

