- भारतीय क्रिकेट टीम अगले साल होने वाले टी20 विश्व कप के लिए तैयारी कर रही है, लेकिन एक कमजोर कड़ी है, जो टेंशन का विषय बन सकती है
दैनिक उजाला, स्पोर्ट्स डेस्क : टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अब काफी कम वक्त बचा है। फरवरी में भारत और श्रीलंका इस आईसीसी टूर्नामेंट की मेजबानी करते हुए नजर आएंगे। भारतीय क्रिकेट टीम का ऐलान इस विश्व कप लिए कर दिया गया है। हालांकि सेलेक्टर्स ने कई बोल्ड फैसले इस दौरान लिए हैं, लेकिन एक कमजोर कड़ी रह गई है, जो भारतीय टीम के लिए मुश्किल खड़ी कर सकती है।
दरअसल जब शनिवार को बीसीसीआई की सेलेक्शन कमेटी ने आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप के लिए भारतीय टीम का ऐलान किया तो उससे पहले तक किसी को भी अंदाजा नहीं था कि शुभमन गिल टीम से ही बाहर हो जाएंगे। वे टीम के उपकप्तान भी थे, साथ ही टेस्ट और वनडे में कप्तानी की भूमिका निभा रहे हैं, लेकिन खराब फार्म के कारण उन्हें बाहर होना पड़ा। जब शुभमन गिल टीम से बाहर हुए तो सभी चौंक गए, हालांकि चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर ने गिल को बाहर करने की वजह भी बताई।
कप्तान सूर्यकुमार यादव से भी नहीं बन रहे हैं रन
इस बात को मानने में कोई हिचक नहीं होनी चाहिए कि गिल का बाहर होना टीम इंडिया के लिए कहीं ना कहीं ठीक ही रहा। वे ठीक से खेल नहीं पा रहे थे, जबकि उनके बेहतर खिलाड़ी बाहर बैठकर अपना इंतजार कर रहे थे। साल 2025 में शुभमन गिल ने 15 टी20 इंटरनेशनल मैच खेलकर केवल 291 रन ही बनाए हैं, जो कोई बहुत ज्यादा रन नहीं होते। लेकिन सवाल ये है कि अगर खराब प्रदर्शन के कारण गिल को टीम से बाहर का रास्ता दिखाया जा सकता है तो कप्तान सूर्यकुमार यादव टीम में क्या कर रहे हैं। उनका भी तो फॉर्म नहीं है।
ऐसा रहा है सूर्या का इस साल टी20 इंटरनेशनल में रिकॉर्ड
टी20 विश्व कप के लिए टीम इंडिया के कप्तान सूर्यकुमार यादव एक विस्फोटक बल्लेबाज हैं, लेकिन ये बात किसी से छिपी नहीं है कि इस वक्त उनके बल्ले से रन नहीं बन रहे हैं। इस साल की ही बात की जाए तो सूर्यकुमार यादव ने 19 पारियों में कुल 218 रन ही बनाए हैं, जो किसी भी तरह से अच्छे नहीं कहे जा सकते। लेकिन इसके बाद भी वे ना केवल टी20 विश्व कप खेलेंगे, बल्कि कप्तान के तौर पर खेलेंगे।
सूर्या के पास फार्म वापस हासिल करने के लिए केवल पांच मुकाबले
भारतीय टीम को टी20 वर्ल्ड कप के जिस ग्रुप में रखा गया है, ये तो करीब करीब तय सा नजर आ रहा है कि अगले राउंड तक टीम इंडिया पहुंच जाएगी। कई छोटी टीमों से भारत खेलेगा, लेकिन उसके बाद जब बड़ी और चैंपियन टीमों से मैच होगा, तभी पता चलेगा कि भारतीय टीम कैसा प्रदर्शन करती है। अगर विश्व कप में भी सूर्या के बल्ले से रन नहीं बने तो मुश्किल होगी। अब सूर्या के पास विश्व कप से पहले पांच टी20 इंटरनेशनल मैच हैं और इसी में उन्हें अपना फार्म वापस पाना होगा, नहीं तो वे टीम के लिए दिक्कत की पैदा करेंगे।

