भिवानी : हरियाणा बोर्ड ऑफ स्कूल एजुकेशन (HBSE) की 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं 25 फरवरी से शुरू होने जा रही हैं। परीक्षा शुरू होने से पहले बोर्ड ने छात्रों के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। अब जिन छात्रों के किसी कारणवश एक या दो एग्जाम खराब हो जाते हैं, उन्हें 15 दिनों के अंदर दोबारा परीक्षा देने का मौका मिलेगा, ताकि वे अपने अंक सुधार सकें।
बोर्ड चेयरमैन डॉ. पवन कुमार शर्मा ने बताया कि 1 अप्रैल को सारे एग्जाम खत्म होंगे। इसके बाद बोर्ड की ओर से 15 दिन में स्टूडेंट्स से दोबारा पेपर देने के आवेदन मांगे जाएंगे। जो विद्यार्थी आवेदन करेंगे, उनके लिए दोबारा से डेटशीट जारी करके एग्जाम कराए जाएंगे। खास बात ये है कि स्टूडेंट्स केवल दो पेपर ही दोबारा दे सकते हैं।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सैनी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विद्यार्थियों से परीक्षा को एक उत्सव की तरह लेने की अपील की है। छात्रों पर परीक्षा का दबाव न रहे, इसी वजह से ये कदम उठाया गया है।

हरियाण विद्यालय शिक्षा बोर्ड
बाहरी हस्तक्षेप पर जीरो टॉलरेंस नीति
चेयरमैन ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में परीक्षा केंद्रों पर बाहरी हस्तक्षेप की शिकायतें आती हैं, लेकिन इस बार हरियाणा सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति लागू की जाएगी। मुख्यमंत्री और शिक्षामंत्री ने निर्देश दिए हैं कि परीक्षा शुरू होने से पहले सभी डीसी और जिला प्रशासन अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस कर सख्त दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे। यदि कोई शिक्षक, परीक्षक या परीक्षा से जुड़ा व्यक्ति अपने कर्तव्य में लापरवाही करेगा, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
5 लाख 21 हजार विद्यार्थी देंगे परीक्षा
इस बार 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में कुल 5,21,795 विद्यार्थी शामिल होंगे। इनमें 10वीं के 2,78,334 और 12वीं के 2,43,461 विद्यार्थी हैं। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार 56,468 विद्यार्थी अधिक परीक्षा देंगे।
परीक्षा केंद्र दो किलोमीटर के दायरे में
शिक्षा बोर्ड के अनुसार, प्रत्येक विद्यार्थी का परीक्षा केंद्र उसके स्कूल या गांव से अधिकतम दो किलोमीटर की दूरी पर ही होगा। इस बार उत्तर पुस्तिकाओं पर क्यूआर कोड भी लगाए जाएंगे ताकि पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

