लखनऊ : यूपी में गर्मी का असर तेजी से बढ़ने लगा है। तीन साल बाद मार्च के पहले सप्ताह में ही पारा 35 डिग्री सेल्सियस क्रॉस कर चुका है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि पारा इसी माह 40 डिग्री तक पहुंच सकता है। IMD के मुताबिक, मार्च से मई 2026 के बीच देश के ज्यादातर हिस्सों में तापमान सामान्य से ज्यादा रह सकता है।
साल 2025 में मार्च के पहले सप्ताह में यूपी के ज्यादातर शहरों में दिन का तापमान 29 से 31 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया था, जबकि रात का तापमान लगभग 14 से 19 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। वहीं, 2026 में 1 मार्च को अधिकतम तापमान 32.5 दर्ज किया गया।
यूपी में मार्च की शुरुआत इस बार ज्यादा गर्म रही। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार- 1 मार्च, 2026 को दिन का अधिकतम तापमान 32.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले तीन साल में मार्च की शुरुआत का सबसे अधिक तापमान रहा है।
इससे पहले 2023 में 1 मार्च को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। वहीं, अन्य वर्षों में मार्च के पहले दिन तापमान इससे कम रहा था। लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक मोहम्मद दानिश का कहना है कि मार्च की शुरुआत में ही तापमान इतना ज्यादा होना इस बात का संकेत है कि आने वाले दिनों में गर्मी तेजी से बढ़ सकती है।
आने वाले दिनों में कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विशेषज्ञ मोहम्मद दानिश के अनुसार, आने वाले दिनों में गर्मी और बढ़ने की संभावना है। अगले पांच दिनों में अधिकतम तापमान में करीब 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है।
इस वजह से प्रदेश के कई इलाकों में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस के आसपास तक पहुंच सकता है। दिन के समय तेज धूप और गर्मी का असर और ज्यादा महसूस हो सकता है।

तस्वीर लखनऊ! यहां अगले दो दिनों के दौरान औसत अधिकतम तापमान सामान्य से 1-3 डिग्री सेल्सियस अधिक और न्यूनतम तापमान सामान्य से 1-2 डिग्री अधिक रहने की संभावना है।
प्रदेश का गर्म जिला रहा बांदा
मोहम्मद दानिश के मुताबिक, मार्च की शुरुआत में ही लोगों को अप्रैल-मई जैसी गर्मी का एहसास होने लगा है। बीते 24 घंटे में बांदा प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा। यहां अधिकतम तापमान 35.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। लगातार बढ़ते तापमान की वजह से दोपहर के समय तेज धूप और गर्मी का असर साफ दिखाई दे रहा है।

