Breaking
Tue. Jul 7th, 2026

संस्कृति विविः इंजीनियरिंग के क्षेत्र में विद्यार्थियों का है बेहतर भविष्य

मथुरा : इंटर की परीक्षाओं के परिणाम के बाद विद्यार्थियों के कदम उच्च शिक्षा केंद्रों में प्रवेश के लिए दस्तक दे रहे हैं। बड़ी संख्या में बेहतर भविष्य के लिए विद्यार्थियों का रुझान इंजीनियरिंग की शिक्षा की ओर नजर आ रहा है। संस्कृति विश्वविद्यालय के एडमीशन सेल के काउंसलर विद्यार्थियों को निर्णय लेने में मदद के लिए जुटे हुए हैं।

संस्कृति विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग विभाग के डीन डा. पंकज गोस्वामी बताते हैं कि इंटर में फिजिक्स और मैथमैटिक्स विषय लेकर उत्तीर्ण विद्यार्थी इंजीनियरिंग की किसी भी कोर शाखा में उच्च शिक्षा हासिल कर सकता है। यह सही है कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर नित नए बदलाव हो रहे हैं और इन बदलावों के अनुरूप पाठ्यक्रमों में उन्नतिकरण की प्रक्रिया बहुत तेज गति से हो रही है।

संस्कृति विश्वविद्यालय ने पूर्वानुमान करते हुए अपने यहां पाठ्यक्रमों में पहले ही बदलाव कर लिए थे, जिसका फायदा यहां अध्ययन करने वाले विद्यार्थियों को मिल रहा है। आज विद्यार्थी अंतर्राष्ट्रीय मांग के अनुसार कोर कोर्सेज के साथ स्पेशलाइज कोर्स भी कर सकता है और अपने को अपग्रेड कर सकता है। उन्होंने बताया कि संस्कृति विश्वविद्यालय में कोर कोर्सेज के साथ-साथ स्पेशलाइज कोर्स आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस(एआई), डाटा साइंस, साइबर सिक्योरिटी, क्लाउड कंप्युटिंग, इंटरनेट आफ थिंग्स, रोबोटिक एंड आटोमेशन, फुल स्टेक डवलपमेंट, साफ्टवेयर इंजीनियरिंग, ब्लाकचेन टेक्नोलाजी, डेवोप्स, क्वांटम कंप्युटिंग भी पढ़ाए जा रहे हैं। डा. गोस्वामी कहते हैं कि विद्यार्थियों के लिए संस्कृति विवि ने इंडस्ट्री के साथ अनेक एमओयू किए हैं ताकि वे अपनी जरूरत के अनुरूप और भविष्य की मांग के अनुरूप हमारे विद्यार्थियों को उचित प्रशिक्षण दे सकें। उद्योगों के अनुरुप दी जाने वाली शिक्षा विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी उपलब्धि बनकर सामने आई है।

विद्यार्थियों के सुरक्षित भविष्य के लिए दी जाने वाली शिक्षा को लेकर डा. गोस्वामी बताते हैं कि इंजीनिरिंग का ग्रेजुएट एक अच्छा सोफ्टवेयर इंजीनियर, डवलपर बन सकता है। सरकारी उपक्रमों में नौकरी पा सकता है और वो अपनी रुचि के अनुरूप प्रतिष्ठित परीक्षाएं गेट, यूपीएसी, एसएससी में भी भाग लेकर देश की सेवा कर सकता है। ऐसे अनेक उदाहरण हैं जिनमें इंजीनियरिंग करने के बाद विद्यार्थियों ने ये परीक्षाएं उत्तीर्ण कीं और आज सरकार में उच्च पदों पर कार्यरत हैं।

संस्कृति विश्वविद्यालय विद्यार्थियों की रुचि के अनुरूप शिक्षा से जुड़ी हर सहायता देकर उनके उज्ज्वल भविष्य का निर्माण कर रहा है। उन्होंने बताया कि हमारे यहां के विद्यार्थी देश और दुनिया की बड़ी-बड़ी कंपनियों में अपनी सेवाओं से विश्वविद्यालय और देश का नाम रौशन कर रहे हैं।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *