- पुलिस कमिश्नर से बोली- साहब, चलने में भी मोहताज हूं…थानेदार ने केस लिख दिया है
कानपुर : कानपुर पुलिस ने 100 साल की बुजुर्ग महिला के खिलाफ रंगदारी का मुकदमा लिखा है। बुजुर्ग को जब इस बात की जानकारी हुई, तो वह पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंच गई। महिला ने कमीश्नर से कहा- ‘साहब… मोतियाबिंद है। आंखों से दिखता कम है। चलने-फिरने में मोहताज हूं। मेरे ऊपर कल्याणपुर थानेदार ने केस लिख दिया है। किरकिरी होने के बाद कानपुर पुलिस कमिश्नर ने CO को जांच सौंपी है।
परिजनों की मदद से नई बस्ती की निवासी बुजुर्ग महिला ने पुलिस कमिश्नर बीपी जोगदंड के सामने पेश होकर अपनी आपबीती सुनाई। इस पर पुलिस कमिश्नर ने जांच के आदेश दिए हैं। कल्याणपुर एसीपी विकास कुमार पांडेय ने बताया कि प्रॉपर्टी विवाद के विवाद में दोनों पक्षों की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।
अगर बुजुर्ग महिला का नाम भी रिपोर्ट में है, तो जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। वहीं पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी भू-माफियाओं के साथ साठगांठ करते हैं और लोगों को परेशान करते हैं। उनके खिलाफ गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज करके जेल भेज दिया जाता है।
प्लॉट के बनवा लिए हैं फर्जी दस्तावेज
माधुरी नाम की महिला ने चंद्रकली और उनके परिवार पर एफआईआर दर्ज कराई है। इसमें लिखा गया है कि छह मार्च 2012 में तहसील से एक रिपोर्ट लगी थी। इसमें मिर्जापुर का प्लॉट हमारे नाम पर दर्ज है। चंद्रकली के परिवार ने इसके फर्जी दस्तावेज बनवा लिए हैं।
भू-माफियाओं और पुलिस की साठगांठ का आरोप
पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया कि कल्याणपुर थाना प्रभारी देवेंद्र दुबे और ACP विकास पांडेय भू-माफिया के साथ साठगांठ करके लोगों को परेशान करते हैं। उनके खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज करके जेल भेज देते हैं। इसके बाद दबंग जमीनों पर कब्जा कर लेते हैं। मामले पर कानपुर पुलिस कमिश्नर बीपी जोगदंड का कहना है कि क्षेत्राधिकार को जांच सौंपी है। जांच में पुलिस कर्मियों की गलती मिलती है, तो विभागीय एक्शन होगा।

