आगरा : आगरा में रेलवे अफसर को प्लेटफॉर्म पर घसीटकर पीटने के विरोध में पूरे प्रदेश में प्रदर्शन तेज हो गया है। पीड़ित डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट नरेंद्र चाहर की पत्नी हरेंद्री चाहर ने मंगलवार दोपहर डेढ़ बजे मीडिया से कहा- अगर दोषी RPF जवानों को बर्खास्त नहीं किया गया, उनकी गिरफ्तारी नहीं की गई तो मैं जान दे दूंगी।
उन्होंने रोते हुए कहा- इतनी बेरहमी से मेरे पति को पीटा गया कि घटना का वीडियो देखा भी नहीं जा रहा है। मैं अपने पति के लिए ऐसा कभी बर्दाश्त नहीं कर सकती। अगर न्याय नहीं मिला, पति का सम्मान वापस नहीं आया तो मैं जान दे दूंगी। इतना कहते हुए वह साड़ी से चेहरा ढककर बिलख पड़ीं। फूट-फूट कर रोने लगीं।
DSS नरेंद्र चाहर ने कहा- अगर मैं रिश्वत लेते पकड़ा जाता तो तुरंत जेल में होता। लेकिन, जो कानून को जानते हैं, उन्होंने जानबूझकर अवैध वसूली की, उनके लिए कोई जेल नहीं बनी क्या? क्या वो आज गिरफ्तार हो पाएंगे? या तो वो गिरफ्तार होंगे या रेल चलेगी। मेरा पूरा परिवार पटरी पर बैठा है।
इससे पहले सुबह 10.30 बजे से आगरा, मथुरा, झांसी समेत 30 शहरों में रेलकर्मियों ने RPF के खिलाफ प्रदर्शन किया। आगरा में 1000 से ज्यादा रेल कर्मचारी सड़क पर उतर आए। DRM ऑफिस के बाहर RPF जवानों के सामने नारेबाजी की। महिला कर्मचारियों ने भी RPF मुर्दाबाद और हाय-हाय के नारे लगाए। पीड़ित रेलवे अफसर की बहन पटरी पर कूद गई। ट्रेन रोकने की चेतावनी दी।

हरेंद्री चाहर ने कहा कि मेरे पति एक महिला की मदद कर रहे थे। वो फौजी रहे हैं। उनको आतंकवादी की तरह घसीटा गया।

आगरा कैंट स्टेशन पर रेलवे कर्मचारियों ने RPF के खिलाफ नारेबाजी की। दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की।

विरोध-प्रदर्शन में महिला रेलवे कर्मचारियों के अलावा पुरुष कर्मियों के परिवार की महिलाएं भी शामिल हुईं। जमकर नारेबाजी की।

एक्शन न होता देखकर पीड़ित DSS की बहन पटरी पर कूद गई। रेल रोकने की चेतावनी दी।

परिवार के लोगों ने महिलाओं को समझाया। उन्हें पटरी से हटाकर प्लेटफॉर्म पर लाए।
12 जुलाई को RPF जवानों ने रेलवे अफसर से मारपीट की थी
- दरअसल, कैंट रेलवे स्टेशन पर रविवार को ट्रेन रोकने को लेकर रेलवे पुलिस बल (RPF) और डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट (DSS) के बीच विवाद हो गया था। एक महिला यात्री ट्रेन में नहीं चढ़ पाई थी। DSS नरेंद्र चाहर ने उसकी मदद के लिए ट्रेन रुकवा दी। RPF जवानों ने महिला को चेन पुलिंग के आरोप में पकड़ लिया।
- नरेंद्र चाहर ने विरोध किया तो RPF जवानों ने मारपीट शुरू कर दी। उन्हें प्लेटफॉर्म पर घसीटते हुए ले गए। स्टेशन पर मौजूद लोगों ने घटना का वीडियो बना लिया था। वीडियो सामने के बाद रेलवे कर्मचारियों भड़क गए। कोटा, झांसी, दिल्ली सहित देश के कई शहरों से रेलवे कर्मचारी आगरा पहुंचने लगे।
- रेलवे कर्मचारियों की मांग है कि दोषियों की गिरफ्तारी हो। उन्हें नौकरी से बर्खास्त किया जाए। इस बीच आरपीएफ के एएसआई मेघराज मीणा, बालकिशन और कॉन्स्टेबल बदन सिंह, जितेंद्र को सस्पेंड कर दिया गया।
रेलवे यूनियन ने DRM को ज्ञापन सौंपा, कर्मचारियों ने नारेबाजी की
महिलाएं पटरी पर उतरीं, ट्रेन रोकने की चेतावनी दी
कार्रवाई के आश्वासनों के बीच एक्शन होता देख कुछ महिलाएं कैंट रेलवे स्टेशन प्लेटफार्म नंबर-एक पर पहुंच गईं। पटरी पर जाकर बैठ गईं। पटरी पर लेट गईं। इस दौरान परिवार के लोगों ने महिलाओं के पीछे दौड़ लगा दी। पटरी पर कूदकर उन्हें हटाने लगे। इस बीच RPF जवान और अधिकारी भी पहुंच गए।
आगरा डीआरएम बोले- जांच की जा रही, एक्शन जरूर होगा
आगरा डीआरएम गगन गोयल ने कहा- जिस दिन यह घटना हुई, उसी दिन चारों जवानों को सस्पेंड कर दिया गया था। सीसीटीवी को कब्जे में ले लिया है। जांच की जा रही है। कमेटी का गठन कर दिया गया था। जांच शुरू हो चुकी है। सभी तथ्यों को जांचा जा रहा है। इसके लिए हम प्रतिबद्ध है। दोषियों पर कठोर से कठोर कार्रवाई करेंगे।
पीड़ित रेलवे अफसर बोले- न्याय मिलने तक पूरा परिवार पटरी पर बैठा रहेगा
- पीड़ित डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट नरेंद्र चाहर ने कहा- मैं सब लोगों से ये पूछना चाहता हूं कि अगर मैं रिश्वत लेता पकड़ा जाता तो मैं तुरंत जेल में होता। लेकिन, जो कानून को जानते हैं और उन्होंने जानबूझकर अवैध वसूली की, क्या उनके लिए कोई जेल नहीं बनी? क्या वो आज गिरफ्तार हो पाएंगे? या तो वो गिरफ्तार होंगे या रेल चलेगी।
- उन्होंने कहा- मेरा पूरा परिवार पटरी पर बैठा है। अगर वो गिरफ्तार नहीं होते हैं तो रेल बंद रहेगी। ये मेरे स्वाभिमान की बात नहीं है, ये मैं एक देश का सिपाही होने के नाते कह रहा हूं। मैं इतनी इज्जत कमा के आया हूं। पूरे रेलवे के स्टेशन मास्टर, जो स्टेशन का आइकॉन होता है, उनके सम्मान को भी क्षति पहुंचाई है। देश-विदेश में उन्होंने रेलवे की छवि को खराब किया है। अवैध वसूली के मामले में इन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाए। बस मैं यही आपसे उम्मीद करता हूं।
DSS की पत्नी बोलीं- एक घंटे के अंदर दोषियों को अरेस्ट नहीं किया तो जान दे दूंगी

डिप्टी स्टेशन सुपरिटेंडेंट (DSS) नरेंद्र चाहर की पत्नी हरेंद्री चाहर ने कहा- आप सभी को पता है कि उन लोगों ने मेरे पति के साथ क्या किया। 3 दिन हो गए हैं, लेकिन उन लोगों के साथ कुछ भी, अभी तक वो पकड़े भी नहीं गए हैं। तो प्रशासन कह रही है ‘कार्रवाई कर रहे हैं, कार्रवाई कर रहे हैं। कौन सी कार्रवाई होती है? जो सबको दिखाई दे रहा है, तो इतना तो हो सकता था कि अब तक उन्हें पकड़ लिया जाता। इतना गलत करने के बाद भी उन लोगों को अब तक पकड़ा नहीं गया।
उन्होंने कहा- मैंने उस दिन भी बोला था कि अगर न्याय नहीं मिला, मेरे पति का सम्मान वापस नहीं आया तो मैं जान दे दूंगी, लेकिन इन्होंने मुझे रोक लिया। मैं कल ही पटरी पर आने वाली थी। लेकिन, आज इनको एक घंटे की मोहलत दे रही हूं। अगर उन लोगों को एक घंटे के अंदर अरेस्ट करके जेल में नहीं भेजा गया, उनको टर्मिनेट नहीं किया गया तो मैं जान दे दूंगी।
हरेंद्री चाहर ने कहा- उन्होंने इतना गलत किया, इतना गलत किया कि वो वीडियो किसी से देखा नहीं जाता है। मैंने अभी तक वो देखा ही नहीं है। मैं अपने पति के लिए ऐसा कभी बर्दाश्त नहीं कर सकती। एक घंटे के अंदर कार्रवाई नहीं हुई तो सारी ट्रेनें जाम कर दूंगी मैं।
रेलवे पॉइंट्समैन और स्टेशन मासर्ट्स के प्रदर्शन
आगरा कैंट रेलवे, ईदगाह रेलवे, आगरा फोर्ट, राजा मंडी स्टेशन समेत अन्य स्टेशनों पर रेलवे कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे हैं। दिल्ली से आए शरद चंद्र पुरोहित प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे हैं। वे ऑल इंडिया रेलवे संगठन के महामंत्री हैं। दूसरा ऑल इंडिया पॉइंट्स मैन संगठन (नई दिल्ली) भी प्रदर्शन कर रहा है।

