लखनऊ : मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक अपनी पत्नी और भाजपा नेता अपर्णा यादव से तलाक लेंगे। प्रतीक ने सोमवार को इंस्टाग्राम पर अपर्णा से रिश्ते खत्म करने का ऐलान किया। उन्होंने लिखा-
‘मैं इस स्वार्थी औरत से जल्द से जल्द तलाक लेने जा रहा हूं। इसने मेरे पारिवारिक रिश्ते बर्बाद कर दिए। इसका एकमात्र लक्ष्य है मशहूर और प्रभावशाली बनना। इस समय मेरी मानसिक स्थिति बहुत खराब है। इसे कोई परवाह नहीं। इसे सिर्फ अपनी ही चिंता है। मैंने कभी ऐसी बुरी आत्मा नहीं देखी। मेरा दुर्भाग्य था कि मैंने इससे शादी की।’
अपर्णा इस वक्त राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष हैं। प्रतीक (38) ने अपर्णा (36) से 14 साल पहले लव मैरिज की थी। प्रतीक मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे हैं। यानी, अखिलेश के सौतेले भाई। अपर्णा ने 2022 विधानसभा चुनाव से पहले अचानक सपा छोड़कर भाजपा जॉइन की थी।
प्रतीक का इंस्टाग्राम का पोस्ट…

प्रतीक यादव ने A Family Destroyer लिखकर इंस्टाग्राम पर पोस्ट किया। इसमें उन्होंने न्यूज एजेंसी की फोटो लगाई है जिसमें अपर्णा बीजेपी का पटका पहने हैं।
अचानक तलाक की नौबत कैसे आई?
सूत्रों के मुताबिक, प्रतीक ने खुलेआम तलाक का ऐलान जरूर किया है। लेकिन दोनों के रिश्तों में खटास 3 साल पहले यानी 2022 से आ गई थी, जब प्रतीक की मर्जी के खिलाफ अपर्णा ने अचानक भाजपा जॉइन कर ली थी। प्रतीक ने 5 फरवरी 2025 को भी अपर्णा के खिलाफ सोशल मीडिया पर 3 पोस्ट किए थे, लेकिन बाद में उसे डिलीट कर दिया। उन्होंने लिखा था-
अपर्णा की सच्चाई और अतीत मेरे अलावा कोई नहीं जानता। इसका साथ मत दीजिए। ये जो भी करती है पैसे और पावर के लिए करती है।
अपर्णा ने उनकी जिंदगी नरक बना दी। सबूत के साथ सभी को इस बारे में बताएंगे।
अपर्णा ने मेरी जिंदगी नरक बना दी।
2011 में शादी हुई थी, 2 बेटियां हैं
अपर्णा का परिवार मूल रूप से उत्तराखंड का रहने वाला है। पूरा नाम अपर्णा बिष्ट था। शादी के बाद अपर्णा बिष्ट यादव रख लिया। अपर्णा के पिता जर्नलिस्ट थे, बाद में राज्य सूचना आयुक्त बने। जबकि मां अम्बी बिष्ट लखनऊ विकास प्राधिकरण में संपत्ति अधिकारी रहीं हैं। अब माता-पिता दोनों रिटायर हो चुके हैं।
वहीं, प्रतीक मुलायम सिंह की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के इकलौते बेटे हैं। साधना गुप्ता नर्स थीं। मुलायम सिंह ने सार्वजनिक तौर पर प्रतीक को अपना बेटा माना था। हालांकि, राजनीतिक उत्तराधिकारी अखिलेश यादव को बनाया था। अखिलेश, मुलायम की पहली पत्नी मालती देवी के इकलौते बेटे हैं।
- दोनों की लव स्टोरी 2001 में शुरू हुई थी, जब एक बर्थडे पार्टी में ई-मेल एक्सचेंज के जरिए बात शुरू की। 4 दिसंबर 2011 में दोनों ने शादी की। अपर्णा ने ब्रिटेन में पढ़ाई की। दोनों की 2 बेटियां हैं।
- अपर्णा की शादी सैफई (इटावा) में धूमधाम से हुई। हाई-प्रोफाइल शादी में लाखों मेहमान शामिल हुए। शादी समारोह में मुलायम सिंह यादव तो थे ही, बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन भी पहुंचे थे।

प्रतीक यादव ने 4 दिसंबर 2025 को अपर्णा यादव का जन्मदिन मनाया था।
कौन हैं अपर्णा यादव?
- अपर्णा का जन्म 1 जनवरी 1990 को हुआ था। पिता अरविंद सिंह बिष्ट जर्नलिस्ट थे। सपा की सरकार में वह सूचना आयुक्त भी रहे। अपर्णा की मां अंबी बिस्ट अधिकारी हैं। अपर्णा की स्कूली पढ़ाई लखनऊ के लोरेटो कॉन्वेंट से हुई।
- अपर्णा ने 2017 सपा के टिकट पर लखनऊ में विधानसभा चुनाव लड़ा। हालांकि, वह भाजपा की रीता बहुगुणा जोशी से हार गईं थीं। 2022 में सपा ने अपर्णा को टिकट नहीं दिया तो अपर्णा सपा छोड़ BJP में शामिल हो गईं।
- अपर्णा 2022 विधानसभा चुनाव में लखनऊ की सरोजिनी नगर सीट से भाजपा का टिकट भी मांग रही थीं, लेकिन उन्हें टिकट नहीं मिला। बाद में 2024-25 में महिला आयोग की उपाध्यक्ष बनाया।

अखिलेश के साथ प्रतीक और अपर्णा यादव।

प्रतीक यादव और अपर्णा यादव की एक सेल्फी प्रधानमंत्री नरेंद्र के साथ भी है। दोनों मुस्करा रहे हैं।
कौन हैं प्रतीक यादव?
- प्रतीक यादव, दिवंगत मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे हैं। उच्च शिक्षा ब्रिटेन से पूरी की। प्रदेश के सबसे बड़े राजनैतिक परिवार से ताल्लुक रखने वाले प्रतीक का रियल एस्टेट और फिटनेस बिजनेस क्षेत्र में हैं।
- प्रतीक लखनऊ में ‘द फिटनेस प्लानेट’ नाम से एक जिम के मालिक भी हैं। प्रतीक ‘जीव आश्रय’ नाम की संस्था भी चलाते हैं। संस्था की तरफ से स्ट्रीट डॉग्स का इलाज, देखभाल, भोजन और रेस्क्यू किया जाता है।
विवादों की वजह से खूब चर्चा में रहीं अपर्णा
- 2016-2017: सपा में रहते हुए जाति आधारित आरक्षण पर विवादास्पद बयान दिए (हम अच्छे परिवार से हैं, आरक्षण की जरूरत नहीं)। भाजपा ने विरोध किया और परिवार में अंदरूनी कलह बढ़ी।
- 2017: सपा में अखिलेश vs मुलायम गुटबाजी के दौरान अपर्णा को लखनऊ कैंट से टिकट देने की चर्चा हुई, लेकिन नहीं मिला। उन्होंने पीएम मोदी के साथ सेल्फी ली, जिससे सपा में असंतोष बढ़ा।
- 2022: सपा छोड़कर भाजपा में शामिल हुईं। मुलायम परिवार के लिए बड़ा झटका माना गया। सपा ने उन्हें इस्तेमाल करने का आरोप लगाया, जबकि भाजपा ने उन्हें स्टार प्रचारक बनाया।
- 2024-2025: परिवार पर FIR का सिलसिला शुरू हुआ। उनकी मां अंबी बिष्ट पर भ्रष्टाचार का केस, भाई चंद्रशेखर बिष्ट पर धोखाधड़ी का केस हुआ।
- दिसंबर 2025: लखनऊ KGMU में एक महिला डॉक्टर के साथ यौन शोषण और जबरन धर्मांतरण का आरोप लगा। अपर्णा मामले में काफी एक्टिव रहीं।
- 9 जनवरी 2026: अपर्णा 200 से ज्यादा समर्थकों के साथ KGMU पहुंचीं। VC चैंबर में हंगामा किया। तोड़फोड़ और अभद्रता के आरोप लगे।


