वाराणसी : यूपी के 12 लाख शिक्षकों को 5 लाख रुपए तक का कैशलेस इलाज मिलेगा। बुधवार सुबह 10:45 बजे काशी से सीएम योगी ने ‘मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना’ की शुरुआत की।
माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने सीएम की तारीफ की। उन्होंने कहा-

राम मंदिर में चढ़ावा चोरी करने वाला कोई भी चोर नहीं बचेगा। सीएम ने ऐसी समिति गठित की है कि कोई कितना भी बड़ा धुरंधर हो, कितने भी बड़े पद पर हो, बच नहीं सकता। प्रदेश में ही नहीं, देशभर में इसकी सराहना हो रही है कि मुख्यमंत्री ने इतना कठोर कदम उठाया।
इससे पहले, सीएम योगी का 51 बटुक मंत्रोच्चार के साथ स्वागत किया। सीएम ने स्कूली बच्चों की प्रदर्शनी देखी। दूरबीन का मॉडल देखकर बच्ची से पूछा- इससे यहां से लखनऊ के मंत्री दिख जाएंगे क्या? सीएम योगी ने 2025 में शिक्षक दिवस के मौके पर इस योजना की घोषणा की थी। इसका लाभ शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों को मिलेगा।

सीएम योगी का 51 बटुकों ने मंत्रोच्चार के साथ स्वागत किया।

सीएम ने स्कूली बच्चों की प्रदर्शनी देखी। दूरबीन का मॉडल देखकर बच्ची से पूछा- इससे यहां से लखनऊ के मंत्री दिख जाएंगे क्या
सीएम योगी ने ‘मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना की शुरुआत की

सीएम योगी ने ‘मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना’ की शुरुआत की। इसके साथ ही सीएम ने 1.10 करोड़ बच्चों के खातों में 1,200 रुपए ट्रांसफर किए। 12 शिक्षकों को सम्मानित भी किया।
मंत्री बोलीं- सीएम के डंडे से नकल माफिया डरे

मंत्री गुलाब देवी ने कहा, इस योजना से शिक्षक अपने परिवार पर आश्रित नहीं रहेगा, बल्कि परिवार उस पर आश्रित रहेगा। सुख अस्थायी होता है, लेकिन प्रसन्नता स्थायी होती है। यह प्रसन्नता मुख्यमंत्री ने दी है कि जब तक जीवन है, तब तक इस योजना के माध्यम से शिक्षकों और उनके परिवार को प्रसन्नता मिलेगी। आप अपने परिवार को लेकर बिल्कुल बेफिक्र हो जाएंगे। सरकार आपके और आपके परिवार के साथ है।
उन्होंने कहा- 2025-2026 में जो बोर्ड की परीक्षा हुई, उसमें 54-54 लाख बच्चों ने परीक्षा दी। नकल का मामला नहीं आया। मुख्यमंत्री का डंडा इतना जबरदस्त था कि किसी भी नकल माफिया की हिम्मत नहीं पड़ी कि कहीं इधर से उधर करे। न ही कोई पेपर लीक हुआ।
बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह ने कहा- यह योजना नहीं शिक्षक परिवार का सहारा है
कार्यक्रम में प्रदेश के बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह ने कहा, यह एक योजना नहीं है बल्कि शिक्षक और उनके परिवार के लिए बड़ा सहारा है। उन्होंने कहा कि आज 12 लाख शिक्षक को आज यह लाभ मिलने जा रहा है। उन्होंने कहा, यदि परिवार में कोई चिकित्सा की जरूरत पड़ेगी तो शिक्षक को परेशान नहीं होगा, उन्हें कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। 2017 से पहले यूपी में बेसिक शिक्षा विभाग की हालत खराब थी, यह किसी से छिपा नहीं है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल नेतृत्व में पिछले 9 साल में इसमें बदलाव आया है। बच्चों की शिक्षा बेहतर हुई है, स्कूलों की हालत में भी सुधार हुआ है। यह योजना भी उसी सुधार की कड़ी का अहम हिस्सा है।

