नई दिल्ली : लोकसभा से कांग्रेस नेता राहुल गांधी के निष्कासन के विरोध में सोमवार को कांग्रेस सांसद काले कपड़े पहनकर संसद पहुंचे। कांग्रेस सांसदों के अलावा कुछ अन्य विपक्षी नेताओं ने भी काले कपड़े धारण किए। इस बीच विपक्षी सदस्यों ने विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा उनके कक्ष में बुलाई गई बैठक में हिस्सा लिया और सदन में एक संयुक्त रणनीति पर विचार.विमर्श किया। नाराज कांग्रेस पार्टी भाजपा की इस कार्रवाई का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए रणनीति बना रही है।
भाजपा और पीएम मोदी पर बरसते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहाकि, भाजपा लोकतंत्र को खत्म कर रही है। नरेंद्र मोदी जी लोकतंत्र नहीं चाहते, इसलिए हम विरोध कर रहे हैं। हमारी संयुक्त संसदीय समिति की मांग भी नहीं मानी जा रही। हम चाहते हैं कि सत्य बाहर आए। मोदी को चुनौती देते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने कहाकि, अगर उनके मोदी पास ऐसा कोई जादू है कि 2.5 साल में 12 लाख करोड़ बन सकते हैं। वह हम देश के लोगों को बताएंगे। इसमें निजी धरना क्या है। हम जनता, लोकतंत्र के लिए लड़ रहे हैं। जो लोग इस मुहिम का समर्थन कर रहे हैं उनका धन्यवाद करता हूं।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने आगे कहाकि, हम 18 राजनीतिक पार्टी मिलकर संयुक्त संसदीय समिति की मांग कर रहे हैं। इससे सत्यता बाहर आएगी और लोगों को पता चलेगा कि हम यह मांग क्यों कर रहे हैं। आप क्यों से क्यों डर रहे हैं। आपके पास 2/3 बहुमत है और उसमें भी आप ही के सदस्य ज्यादा रहेंगे। इसका मतलब है कि दाल में कुछ काला है।
कांग्रेस सांसदों ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी की अयोग्यता के खिलाफ लोकसभा में स्थगन नोटिस दिया है। और राज्यसभा में विपक्ष के सांसदों ने हिंडनबर्ग मामले में निलंबन नोटिस और राजनीतिक नेताओं के खिलाफ जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का प्रस्ताव दिया है। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने सोमवार को लोकसभा में एक स्थगन नोटिस पेश किया। जिसमें कहा गया यह सदन राहुल गांधी की अयोग्यता पर चर्चा करने के लिए शून्यकाल और दिन के अन्य कार्यों को स्थगित करता है।

