दैनिक उजाला, बिज़नेस डेस्क : आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई की रेस में ओपनएआई ने अपना सबसे स्मार्ट और समझदार एआई मॉडल GPT-5.5 पेश किया है। कंपनी का दावा है कि यह एआई की दुनिया में अगला बड़ा कदम है, जहां एआई अब केवल बातचीत नहीं करेगा, बल्कि असल में आपके काम को अंजाम भी देगा।
पुराने एआई मॉडल्स को हर कदम पर निर्देश देने पड़ते थे, लेकिन GPT-5.5 उलझे हुए और कई हिस्सों वाले कामों को खुद-ब-खुद शुरू से आखिरी तक पूरा कर सकता है।
आप इसे कोई भी प्रोजेक्ट सौंप सकते हैं और यह खुद उसकी प्लानिंग करेगा। एक्सपर्ट डेविड गेविर्ट्ज ने इस नए एआई को 10 अलग-अलग कामों में परखा। आइए जानें, इसका क्या नतीजा रहा…

ओपनएआई ने 23 अप्रैल को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट शेयर कर GPT-5.5 लॉन्च की जानकारी दी।
ओपनएआई ने 23 अप्रैल को लॉन्च किया GPT-5.5
ओपनएआई (OpenAI) ने अपना सबसे लेटेस्ट और पावरफुल मॉडल GPT-5.5 (कोडनेम: Spud) 23 अप्रैल 2026 को लॉन्च किया है। यह पिछले मॉडलों की तुलना में कहीं ज्यादा एजेंटिक यानी स्वतंत्र रूप से काम करने वाला है।
GPT-5.5 की खाशियत:
- नैटिव ओम्नीमॉडल : यह टेक्स्ट, इमेज, ऑडियो और वीडियो को एक ही सिस्टम में प्रोसेस करता है। पुराने मॉडलों में इन चीजों के लिए अलग-अलग सिस्टम जोड़े जाते थे, लेकिन GPT-5.5 इन्हें एक साथ समझता है।
- एजेंटिक AI: यह केवल सवालों के जवाब नहीं देता, बल्कि जटिल कामों को पूरा करने के लिए खुद योजना बनाता है। जैसे: कोड लिखना, रिसर्च करना, डॉक्यूमेंट बनाना और टूल्स का इस्तेमाल करके काम खत्म करना।
- बेहतर रीजनिंग और स्पीड: यह पुराने मॉडलों के मुकाबले 1.5 गुना ज्यादा तेज है और इसमें थिंकिंग मोड दिया गया है, जो मुश्किल मैथमेटिक्स और साइंटिफिक समस्याओं को गहराई से हल करता है।
- विशाल कॉन्टेक्स्ट विंडो: यह एक बार में लाखों शब्दों को याद रख सकता है और उन पर काम कर सकता है।

