आगरा : आगरा में बिजली विभाग के स्मार्ट मीटर को लेकर विरोध बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार को शहर से 20 किमी दूर अकोला कस्बे में सैकड़ों महिलाओं ने घरों से स्मार्ट मीटर उखाड़ लिए। सिर पर मीटर लेकर गांव के बिजली ऑफिस पहुंच गईं और वहां मीटर फेंक दिए।
स्मार्ट मीटर को लेकर लोगों में इतना गुस्सा था कि कई लोग बोरे में भरकर भी स्मार्ट मीटर लेकर पहुंचे और उन्हें फेंककर विरोध जताया। इसके बाद महिलाएं और ग्रामीण धरने पर बैठ गए। बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
महिलाओं ने कहा-

स्मार्ट मीटर उन्हें बर्दाश्त नहीं हैं। स्मार्ट मीटरों की व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से रोका जाए और बिजली बिलों में हो रही अनियमितताओं की जांच कराई जाए।

आगरा के कई गांवों में स्मार्ट मीटर को लेकर लोगों में जबरदस्त विरोध है।

घरों पर लगे स्मार्ट मीटर को महिलाओं ने उखाड़ लिया। फिर सिर पर लेकर बिजली विभाग तक पहुंचीं। वहां फेंक दिया।
अखिलेश बोले- जनता ने चोरी पकड़ी, अभी स्मार्ट मीटर तोड़े रहे, अगली बार EVM
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने X पर कहा- भाजपा सरकार ने जनता को लूटने के लिए टेक्नोलॉजी का दुरुपयोग किया है। प्रीपेड मीटर के नाम पर बिजली में भ्रष्टाचार की लूट मचा रखी है। अब उनकी चोरी जनता ने पकड़ ली है। इस बार स्मार्ट मीटर तोड़ें जा रहे हैं, अगली बार ईवीएम।
आगरा के ग्रामीणों ने कहा- स्मार्ट मीटर से बिजली बिल बढ़ रहे
आगरा के अकोला कस्बे के ग्रामीणों का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगाने से बिजली बिल बढ़ रहा है और उनकी आर्थिक स्थिति पर बोझ बढ़ रहा। उन्होंने मांग की है कि पुराने मीटर ही रखे जाएं और बिजली विभाग उनकी समस्याओं समाधान करे।
आगरा में अकोला कस्बे में स्मार्ट मीटर को लेकर हंगामा
आगरा के अकोला कस्बे में सैकड़ों लोग घरों से स्मार्ट मीटर उखाड़ लिए। इसके बाद मीटर लेकर गांव के बिजली ऑफिस पहुंच गए और वहां मीटर फेंक दिए।
स्मार्ट मीटर पर सरकार ने कहा था- 30 दिन तक बिजली नहीं कटेगी
यूपी सरकार ने एक हफ्ते पहले यानी 24 अप्रैल को स्मार्ट मीटर वाले बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी थी। कहा था- जिन लोगों के घरों में 1 किलोवाट का बिजली कनेक्शन है, अगर उनका बैलेंस नेगेटिव हो जाता है, तब भी 30 दिनों तक उनका कनेक्शन नहीं काटा जाएगा।
दो किलोवाट के उपभोक्ताओं को भी राहत दी गई थी। कहा था- अगर बैलेंस माइनस 200 रुपए तक है, तो बिजली सप्लाई नहीं काटी जाएगी।

