तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन डीसी : अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर के बीच आज होर्मुज स्ट्रेट के हालात को लेकर फोन पर बात हुई।
रुबियो ने कहा कि इस रास्ते से गुजरने वाले सभी कारोबारी जहाज अमेरिकी सेना के निर्देशों का तुरंत पालन करें, ताकि इलाके में शांति और सुरक्षा बनी रहे। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी नाकाबंदी तोड़ने या ईरानी तेल ले जाने वाले जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
वहीं जयशंकर ने अमेरिकी नौसेना के हमलों पर भारत का कड़ा विरोध जताया। उन्होंने कहा कि इन हमलों में तीन भारतीय नाविकों की मौत हुई है और व्यापारिक जहाजों पर इस तरह की जानलेवा कार्रवाई बिल्कुल स्वीकार नहीं की जा सकती।
ईरान का जिनेवा या इस्लामाबाद जाने की प्लानिंग नहीं
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा है कि अमेरिका के साथ समझौते पर हस्ताक्षर के लिए अगले एक-दो दिन में ईरानी बातचीत टीम के जिनेवा या इस्लामाबाद जाने की कोई योजना नहीं है। बघाई ने कहा, “हमें अभी हस्ताक्षर की सही तारीख का इंतजार करना होगा।”

ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई।
भारत से बोला अमेरिका- होर्मुज से गुजरने वाले जहाज हमारा आदेश माने
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर के बीच स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के हालात पर फोन पर बात हुई।
रुबियो ने कहा कि इस रास्ते से गुजरने वाले सभी कारोबारी जहाज अमेरिकी सेना के निर्देशों का तुरंत पालन करें, ताकि इलाके में शांति और सुरक्षा बनी रहे। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी नाकाबंदी तोड़ने या ईरानी तेल ले जाने वाले जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
वहीं जयशंकर ने अमेरिकी नौसेना के हमलों पर भारत का कड़ा विरोध जताया। उन्होंने कहा कि इन हमलों में तीन भारतीय नाविकों की मौत हुई है और व्यापारिक जहाजों पर इस तरह की जानलेवा कार्रवाई बिल्कुल स्वीकार नहीं की जा सकती।

