हिसार : हरियाणा में आज 27 जनवरी यानी मंगलवार को 10 जिलों में बारिश के साथ जमकर ओले गिरे। इनमें भिवानी, करनाल, पानीपत, रोहतक, हिसार, फतेहाबाद, नारनौल, अंबाला, यमुनानगर और झज्जर शामिल हैं। ओलावृष्टि से भिवानी, रोहतक, हिसार, यमुनानगर में बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है। इससे फसलों को भी नुकसान पहुंचा।
वहीं, इन 10 जिलों के अलावा सोनीपत, कुरुक्षेत्र, रेवाड़ी, गुरुग्राम, पंचकूला, नूंह में बारिश हुई। दोपहर बाद फरीदाबाद में भी बारिश हुई। मौसम विभाग ने आज दिन भर के लिए प्रदेश में बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है। विभाग की ओर से लोगों को सलाह दी गई है कि वह बिजली के खंभों और पेड़ों के नीचे खड़े न हों।
उधर, हिसार स्थित चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के गेहूं विशेषज्ञ डॉ. ओपी बिश्नोई ने बताया कि ओलावृष्टि से गेहूं को अभी कोई खास नुकसान नहीं पहुंचेगा, क्योंकि अभी गेहूं के पौधे में बालियां नहीं आई हैं। अगर बालियां निकलने के बाद ओले गिरते तो नुकसान बढ़ सकता था। मगर, इस ओलावृष्टि से सरसों को नुकसान पहुंचेगा, क्योंकि सरसों में फूल और 50 प्रतिशत फलियां निकली हुईं हैं। ओले गिरने से इनके झड़ने का डर है।

हिसार के उकलाना में मच्छरदानी में इकट्ठा हुए ओले।

हिसार, फतेहाबाद, भिवानी औश्र नारनौल में बारिश के साथ ओले गिरे।

फतेहाबाद के गांव दहमन में भारी बारिश के साथ पड़े ओले।

भिवानी में होती जबरदस्त ओलावृष्टि।

सोनीपत में तेज बारिश में खेतों से चारा लाते किसान।

भिवानी में सरसों के खेत में हुई ओलावृष्टि। कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक, इससे फसल को नुकसान होगा। अचानक हुई इस ओलावृष्टि से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
किसान बोले- ओलावृष्टि से फसलों को होगा नुकसान
पानीपत के किसानों के अनुसार, इसराना क्षेत्र में मुख्य रूप से सब्जी और मटर की खेती होती है। ओलावृष्टि से मटर की फसल को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा है। किसान बिजेंद्र सिंह ने बताया कि इस ओलावृष्टि से किसानों को काफी नुकसान होगा। उन्होंने आशंका जताई कि यदि दोबारा मौसम खराब होता है या ओलावृष्टि होती है, तो नुकसान और बढ़ सकता है।
किसान धर्मपाल जागरण ने कहा कि ओलावृष्टि से टमाटर, सरसों, मटर की फसल भी खराब हो जाएंगी। इससे बाजार में सब्जियों की कमी हो सकती है, जिससे उनके दाम बढ़ने की संभावना है।
आईएमडी ने अगले चार घंटे के लिए जारी किया अलर्ट
आईएमडी की ओर से दोपहर को जारी अपडेट में बराड़ा, जगाधरी, नारायणगढ़, पंचकूला, पेहोवा, शाहाबाद, अंबाला में 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफान चलने का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा फिरोजपुर झिरका, पुन्हाना, होडल, नूंह, पलवल, ताऊरू, बल्लभगढ़, सोहना, गुड़गांव, फरीदाबाद, थानेसर, रादौर, जगाधरी, नारायणगढ़, पंचकूला, गुहला, पेहोवा, शाहाबाद, अंबाला, चंडीगढ़, कालका में यलो अलर्ट जारी किया गया है। यह अलर्ट अगले चार घंटे के लिए जारी किया गया है।
यमुनानगर के बिलासपुर क्षेत्र में हुई ओलावृष्टि

एक्सपर्ट बोले- गेहूं से ज्यादा सरसों को नुकसान
चौधरी चरण ह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के गेहूं विशेषज्ञ डॉ. ओपी बिश्नोई ने बताया कि ओलावृष्टि से गेहूं को अभी कोई खास नुकसान नहीं पहुंचेगा क्योंकि अभी गेहूं के पौधे में बालियां नहीं आई है। अगर बालियां निकलने के बाद ओले गिरते तो नुकसान बढ़ सकता था। डॉ. बिश्नोई ने बताया कि ओले गिरने से वातावरण में ठंडक बढ़ेगी इससे गेहूं की पैदावार अच्छी हो सकती है। अगर अभी से तापमान बढ़ने लगेगा तो गेहूं का पौधा बौना रह सकता है। उसके दाने पिचकने का डर रहता है।
बताया कि इस ओलावृष्टि से सरसों को नुकसान पहुंचेगा। क्योंकि सरसों में फूल निकले हुए हैं और 50 प्रतिशत फलियां निकली हुई है। ओले गिरने से इनके झड़ने का डर रहता है।

