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यूपी चुनाव से पहले योगी सरकार का बड़ा दांव, 3095 करोड़ से बनेंगी 36 सड़कें

  • विधान सभा चुनाव से पहले योगी सरकार ने 36 सड़कों के निर्माण के लिए 3095 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय स्वीकृति दी है
  • विधान सभा चुनाव से पहले 36 सड़कों के लिए 3095 करोड़ स्वीकृत।
  • सड़कों की खराब स्थिति को चुनावी मुद्दा बनने से रोकने का प्रयास।
  • अपर मुख्य सचिव वित्त दीपक कुमार ने परियोजनाओं को दी मंजूरी।

    लखनऊ : विधान सभा चुनाव का समय करीब आते ही प्रदेश सरकार अपनी तैयारियों को चाक चौबंद करने में जुट गई है। विपक्ष द्वारा विधान सभा क्षेत्रों में सड़कों की खराब स्थिति को चुनावी मुद्दा बनाए जाने की आशंका को देखते सड़कों का निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू कराने की दिशा में काम शुरू किया गया है। जनप्रतिनिधि भी इन सड़कों के शीघ्र निर्माण के लिए सरकार पर दबाव बनाए हुए हैं।

    इसी कड़ी में अपर मुख्य सचिव वित्त दीपक कुमार की अध्यक्षता में हुईं व्यय वित्त समिति की दो बैठकों में 36 सड़कों के निर्माण के लिए 3095 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय स्वीकृति दी गई है। लोक निर्माण विभाग इन सड़कों के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी कर रहा है।

    व्यय वित्त समिति की बैठक में स्वीकृत सड़कों की लागत 25 करोड़ रुपये से लेकर 665 करोड़ रुपये तक है। व्यय वित्त समिति से स्वीकृत 200 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली परियोजनाओं को अब कैबिनेट के समक्ष स्वीकृति के लिए प्रस्तुत किया जाएगा।

    10 सितंबर को हुई समिति की बैठक में पीडब्ल्यूडी की 21 परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई, जिनमें सीतापुर की दो, मीरजापुर की एक, देवरिया की दो, महाराजगंज की एक, सोनभद्र की पांच, बांदा की एक, वाराणसी की एक, चित्रकूट की दो, झांसी की एक, लखनऊ की दो, लखीमपुर खीरी की एक और संभल जिले की एक सड़क शामिल है।

    इसी प्रकार, 17 सितंबर की बैठक में गोरखपुर की तीन, गोंडा की छह, एटा की एक, सीतापुर की एक, सोनभद्र की एक, देवरिया की एक और वाराणसी जिले की दो सड़क परियोजनाओं को समिति ने स्वीकृति दी।

    सड़क परियोजनाओं के साथ ही 10 सितंबर की बैठक में मेडिसिन स्टोर व कूलिंग रूम सहित चार पशु चिकित्सालय, एक ब्लाक स्तरीय पशु चिकित्सालय और एक प्राइमरी पशु चिकित्सालय के निर्माण की परियोजना को भी वित्तीय स्वीकृति दी गई।

    फर्रूखाबाद में जिला ग्राम्य विकास संस्थान के आवासीय और अनावासीय भवनों तथा मथुरा और सोनभद्र में मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय के निर्माण के लिए भी वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई।

    अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास की योजनाओं के तहत कानपुर देहात, प्रयागराज, फतेहपुर, हमीरपुर और झांसी में बीडा के विकास से संबंधित 10 परियोजनाओं के लिए भी वित्तीय स्वीकृति दी गई।

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