राजसमंद : राजसमंद के जेतपुरा गांव में बुधवार को पिता के साथ 3 बेटों की चिता जली तो गांव में हर किसी की आंखें नम हो गईं। हालात ऐसे थे कि किसी घर में चूल्हा तक नहीं जला। जो भी परिवार को सांत्वना देने पहुंचा, वह खुद अपने आंसू नहीं रोक सका।
मंगलवार को जयपुर के अजमेर रोड स्थित 200 फीट चौराहे के पास बेकाबू ट्रेलर ने सड़क किनारे बैठे चंद्रप्रकाश बागरिया (40) और उनके बेटे गोपाल (11), रमेश (10) और दीपक (8) को कुचल दिया। तीनों की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि पिता ने हॉस्पिटल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
हादसे में चंद्रप्रकाश की पत्नी कैलाशी देवी के दोनों पैर कुचले गए। दर्दनाक हादसे के बाद चारों के शव जेतपुरा पहुंचे तो चीख-पुकार मच गई। कोहराम के बीच पूरा गांव परिजनों को संभालने पहुंचा। नम आंखों और भारी मन से लोगों ने चारों को अंतिम विदाई दी।

चारों की अंतिम यात्रा में पूरा गांव शामिल हुआ।
मृतक के बड़े भाई मीठालाल ने बताया- चंद्रप्रकाश जयपुर में झाड़ू बनाने का काम करता था। वह परिवार के साथ वापस राजसमंद लौटने के लिए बस का इंतजार कर रहा था, तभी हादसा हो गया।
उन्होंने बताया कि चंद्रप्रकाश के परिवार में 3 बेटों को खोने का गम है। अब उसके परिवार में एक 17 साल का बेटा दिव्यांग है, जबकि दूसरा 15 साल का है। हादसे से मिले गम को भूल पाना नामुमकिन है।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी मृतक के बड़े भाई मीठालाल से फोन पर बात कर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने परिवार को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
हर आंख को नम कर दिया

घर में चारों के शव पहुंचे तो परिजन बिलख पड़े।

परिजनों को सांत्वना देने के लिए पूरा गांव आया और नम आंखों से अंतिम संस्कार में शामिल हुए।

गांव की महिलाएं भी परिवार को सांत्वना देने पहुंचीं।

पिता के साथ 3 बेटों की चिता जली, तो सभी की आंखें नम हो गई।
हादसे की टाइमलाइन
- 8:10 बजे, मंगलवार: राजसंमद को जाने के लिए परिवार बस के इंतजार में सुबह सड़क किनारे बैठा था।
- 8:12 बजे, मंगलवार: परिवार के सदस्य पास के होटल से बोतल में पानी भरकर लाए। घटना से पहले परिवार ने गाड़ियों से लिफ्ट मांगी, लेकिन कोई गाड़ी रुकी नहीं।
- 8:46 बजे, मंगलवार: तेज रफ्तार ट्रेलर ने 3 सेकंड में सड़क किनारे बैठे परिवार के पांचों लोगों को कुचल दिया।

गांव जाने के लिए बस का इंतजार कर रहा था परिवार
हादसे का शिकार बागरी समाज का परिवार वैशाली नगर में गांधी पथ पर फुटपाथ पर रहता था। फुटपाथ पर झाड़ू बनाकर बेचता था। मंगलवार की सुबह गांव जाने के लिए बस का इंतजार कर रहा था।
इसी दौरान ट्रेलर रेलिंग को तोड़ते हुए माता-पिता और तीनों बच्चों को कुचल दिया। तीनों बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल माता-पिता को हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया। पिता की इलाज के दौरान मौत हो गई।
हादसे के बाद ड्राइवर और खलासी मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना पर श्याम नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से मृतकों और घायलों को नाले से निकाला। क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त ट्रेलर को सड़क से हटाया गया।
हादसा

तस्वीर मंगलवार सुबह की है, जब बेकाबू ट्रेलर ने परिवार को रौंद दिया।

हादसे के बाद पुलिस और स्थानीय लोगों ने मृतकों और घायलों को नाले से निकाला।

बेकाबू ट्रेलर ने सड़क किनारे बने नाले पर खड़े लोगों को कुचल दिया। नाले का ढक्कन टूट गया और लोग नाले में गिर गए।

हादसे में शवों के टुकड़े हो गए। एक बच्चे का सिर कटकर धड़ से अलग हो गया।

एक्सीडेंट के बाद 200 फीट बाइपास से गुजरते वाहन और एक तरफ बिखरे पड़े शव।

