अयोध्या : अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के बीच लखनऊ में आम आदमी पार्टी के कार्यालय के बाहर रविवार को एक पोस्टर लगाया गया। पोस्टर पर लिखा है- ‘चंदा चोर पार्टी का प्रवेश वर्जित है।’
इस बीच, आज पुलिस अयोध्या जेल में आरोपियों रमाशंकर मिश्रा, मनीष यादव, लवकुश मिश्रा, अनुकल्प मिश्रा और करुणेश पांडेय से पूछताछ कर सकती है। अविनाश शुक्ला और रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू से जेल में पहले ही पूछताछ कर चुकी है।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर शनिवार को पहली बार बयान दिया। उन्होंने लखनऊ में कहा- जो हुआ, वह गलत है। इससे जनता में गलत संदेश गया है। यह विपरीत परिस्थिति है और विपक्ष को मुद्दा मिल गया है। प्रदेश सरकार कार्रवाई कर रही है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, जांच पूरी होने पर SIT 15 जुलाई के बाद FIR दर्ज करा सकती है। मुकदमे में मंदिर ट्रस्ट के महासचिव पद से इस्तीफा देने वाले चंपत राय, ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा और गोपाल राव को आरोपी बनाया जा सकता है।
बलिया के ज्योतिषाचार्य बोले- दिग्विजय सिंह कोर्ट मत जाइए, हम चंदा लौटा देंगे

- अयोध्या चढ़ावा चोरी प्रकरण को लेकर कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह पर बलिया के ज्योतिषाचार्य पंडित विनोद उपाध्याय ने पलटवार किया है। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दिग्विजय को चंदा लौटाने की पेशकश की। कहा- पूरे मामले में भ्रम फैलाया जा रहा है। मंदिर निर्माण के लिए लिया गया चंदा पहले ही उपयोग हो चुका है, विवाद चढ़ावे का है, न कि चंदे का।
- उन्होंने कहा- दिग्विजय सिंह कोर्ट जाने की जरूरत नहीं है। अपना अकाउंट नंबर और चंदे की रसीद भेज दें, मैंने उनके नाम 1 लाख 11 हजार रुपए का चेक तैयार कर दिया है। मंदिर चंदे से बन चुका है, चोरी चंदे की नहीं, चढ़ावे की हुई है। जो दोषी होगा उसे सजा मिलेगी, लेकिन सनातन की आस्था पर चोट बर्दाश्त नहीं होगी।
सपा नेता बोले- अयोध्या और अयोध्यावासियों को कुछ मत कहिए
सपा नेता पवन पांडेय ने लोगों से अपील करते हुए कहा- मैं स्पष्ट कहना चाहता हूं कि जो ट्रस्ट में बैठे हुए डकैत और चोर हैं, आप आरोप उन पर लगाइए, उनके बारे में बोलिए, उन्हें अपमानित करिए। लेकिन, पूरी अयोध्या और अयोध्यावासियों के बारे में कोई गलत टिप्पणी मत कीजिए।
दिल्ली आप अध्यक्ष बोले- विहिप परेशान है कि चोरी की बात पूरे देश में हो रही
AAP दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने VHP के अंतरष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार की तरफ से पत्र लिखकर विपक्षी नेताओं के आरोपों की जांच की मांग पर कहा- इससे ये बात साफ है कि विश्व हिंदू परिषद परेशान है कि चोरी की बात पूरे देश में की जा रही है। यदि उनकी नीयत साफ होती तो वे कहते कि VHP के अंदर कई लोग हैं, जो इस बारे में बताना चाहते हैं, क्योंकि उन्हीं की संस्था से जुड़े लोग इस ट्रस्ट में शामिल थे। लेकिन, एक भी गवाह उन्होंने पेश नहीं किया। इसका मतलब आलोक कुमार ने सरेंडर कर दिया है। वे खुद मानकर बैठ गए हैं कि उनकी पार्टी के लोग चोरी के विषय में गवाह नहीं बनेंगे।

