नागपुर : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत नागपुर स्थित संघ मुख्यालय में विजयादशमी उत्सव में संबोधित कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने शस्त्र पूजन किया।
पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और उनकी पत्नी डॉ. सुदेश धनखड़ भी कार्यक्रम में पहुंचे हैं।
इजराइल के कॉन्सुल जनरल यानिव रेवाच को भी कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद हैं।
RSS हर साल विजयादशमी पर अपना स्थापना दिवस मनाता है। 1925 में इसी दिन संघ की स्थापना हुई थी।
भागवत बोले- संयमपूर्ण जीवन जरूरी
संघ प्रमुख ने कहा कि आधारभूत तत्व ऐसा चाहिए तो सबको सम्मान देगा। सबकी प्रतिष्ठा की चिंता करेगा। ऐसा विचार परंपरा में हमारे पास है। ये परंपरा के नाते नहीं चल रही है। सृष्टि में विविधता है, लेकिन परिवर्तनशील भी है। सुख को प्राप्त करना जीवन का मकसद है। उसके लिए संयमपूर्ण, त्यागपूर्ण जीवन चाहिए।
भागवत ने कहा- आजादी के समय से ज्यादा तप करने की जरूरत
भागवत ने कहा कि हम विभाजित होकर दुर्बल हो गए। इसके बाद सैकड़ों साल की गुलामी झेलनी पड़ी। महापुरुषों के बलिदानों के बाद हमें आजादी मिली। देश की स्वाधीनता के समय जो वातावरण था, उसमें हमें स्वतंत्र करने वाले जिन्होंने तपस्या की, आज इससे ज्यादा तप करने की जरूरत है।
विजयादशमी उत्सव में RSS स्वयंसेवकों ने परेड की
कार्यक्रम में महाराष्ट्र CM फडणवीस भी मौजूद…4 तस्वीरें…




स्वयंसेवकों ने प्रदक्षिणा संचालन किया, खास मौकों पर होता है यह मार्च
RSS मुख्यालय में स्वयंसेवकों ने प्रदक्षिणा संचालन किया। यह आमतौर पर संघ के वर्ग शिविरों या विजयादशमी जैसे खास उत्सवों पर आयोजित किया जाता है।
इसमें प्रशिक्षित स्वयंसेवक एक तय मार्ग पर कदम से कदम मिलाकर चलते हैं, जिसे पथ संचलन भी कहा जाता है और कार्यक्रम स्थल की प्रदक्षिणा करते हैं।

