हाथरस : हाथरस के कस्बा सादाबाद के इस्लामनगर में तीन दिन पहले रिटायर फौजी और उसकी पहली पत्नी की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया है। इस हत्याकांड की मास्टरमाइंड इस फौजी की दूसरी पत्नी सीमा निकली। उसने अपने प्रेमी और तीन अन्य लोगों के साथ मिलकर इस पूरी वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस ने दूसरी पत्नी सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और अभी उसके प्रेमी सहित दो आरोपी फरार हैं। पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने आज दोपहर 3:00 बजे के लगभग इस घटना का खुलासा करते हुए मीडिया को जानकारी दी। पुलिस के मुताबिक हत्या के पीछे अवैध संबंधों के साथ संपत्ति हासिल करने की साजिश सामने आई है।
26 सितम्बर की रात को हुआ था डबल मर्डर
कस्बा सादाबाद के मोहल्ला इस्लामनगर में 26/27 सितंबर की रात को रिटायर फौजी 63 वर्षीय शमशुद्दीन और उनकी पहली पत्नी 58 वर्षीय सद्दो बेगम की उनके घर पर धारदार हथियारों से हत्या कर दी गई थी। 27 सितंबर की सुबह दोनों के शव घर के अंदर जमीन पर खून से लथपथ मिले थे।
घटना के बाद वहां सनसनी फैल गई थी। इस हत्याकांड को अंजाम देने वालों ने लूटपाट भी की थी और घर से जेवरात, नकदी आदि भी ले गए थे। मौके पर पुलिस अधिकारी पहुंचे थे और मामले की जांच पड़ताल में पुलिस जुट गई थी। पुलिस को पहले दिन से ही यह शक था कि इस वारदात में रिटायर फौजी शमसुद्दीन की दूसरी पत्नी सीमा का हाथ हो सकता है।
15 साल पहले हुई थी रिटायर फौजी की दूसरी शादी
शमसुद्दीन की पहली शादी वर्ष 1984 में हुई थी लेकिन जब शादी के बाद कोई बच्चा नहीं हुआ तो 15 साल पहले उन्होंने आगरा निवासी सीमा के साथ दूसरी शादी की। सीमा की उम्र इस समय लगभग 34 साल है। शमसुद्दीन के सीमा से तीन बच्चे भी हुए। इस वारदात के खुलासे में कई पुलिस टीमें लग गई। करीब 350 सीसीटीवी कैमरे चेक किए। अब आज पुलिस ने इस वारदात का खुलासा किया है।
पहले भी कई बार बनाई थी प्लानिंग
इस बारे में जानकारी देते हुए एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि रिटायर फौजी शमसुद्दीन की पत्नी सीमा का पिछले कई साल से गौरव निवासी चौपाल गली थाना सिकंदरा जिला आगरा से प्रेम संबंध चल रहा था। सीमा और गौरव ने यह प्लानिंग बनाई कि शमसुद्दीन और उसकी पहली पत्नी को यदि रास्ते से हटा दिया जाए तो शमसुद्दीन की पूरी प्रॉपर्टी और दौलत उनके पास आ जाएगी और उसके बाद वह दोनों आराम से अपनी जिंदगी बिता सकेंगे।
दोनों ने कई बार शमसुद्दीन और सद्दो को रास्ते से हटाने की योजना बनाई लेकिन यह योजना सफल नहीं हुई। इसके बाद इन दोनों ने अपनी प्लानिंग में संजय निवासी चर्च रोड सिकंदरा आगरा, चीनी प्यारे उर्फ राम प्रकाश निवासी नगला दयाराम जलेसर एटा, उदयवीर उर्फ नत्थो निवासी नगला सोहनलाल सिकंदरा आगरा को शामिल कर लिया।
20 लाख रुपये देने का क्या था वादा
शमसुद्दीन और उसकी पहली पत्नी की हत्या के बाद गौरव और सीमा ने इन तीनों को 20 लाख रुपए देने का वादा किया। इसी के तहत इन पांचों ने इस पूरी घटना को अंजाम दिया। घटना की रात चारों आरोपी सीमा के पास पहुंचे और गौरव ने फोन कर उसे अपने आने की सूचना दी। सीमा ने पहले से बनी योजना के अनुसार दूसरे मकान में रह रहे अपने पति शमसुद्दीन के घर के जीने का दरवाजा खुलवाया। उसके पीछे चारों आरोपी भी पहली मंजिल पर पहुंच गए।
धारदार हथियारों से की निर्मम हत्या
वहां शमसुद्दीन को पकड़कर उन पर छुरे एवं नुकीले सुए से वार किए गए। इसी दौरान कमरे से बाहर आई सद्दो ने विरोध किया तो आरोपियों ने उन्हें भी पकड़ लिया। संघर्ष के दौरान उन्होंने संजय की उगंली में दांत से काटा। इसके बाद आरोपियों ने उन पर भी छुरे एवं नुकीले सुए से वार किए, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि दोनों की हत्या के बाद घर की अलमारी एवं बक्सों को खंगालकर आभूषण, नकदी,एवं घड़ी लूट ली।और वे मोटरसाइकिल से भाग गए।
प्रेमी सहित दो आरोपियों की तलाश जारी
पुलिस ने जब सीसीटीवी कैमरे खंगाले और पूछताछ की तो पुलिस को अहम सुराग मिले। इसी आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची। पुलिस ने इस मामले में सीमा के अलावा दो आरोपियों संजय और चीनी प्यारे को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त छुरा, कुछ जेवरात, नगदी, मोबाइल फोन, घड़ी और खून से सने कपड़े बरामद किए हैं। अभी गौरव और उदयवीर फरार हैं। पुलिस उनकी सरगर्मी से तलाश कर रही है। इस वारदात में शामिल संजय और राम प्रकाश हिस्ट्रीशीटर अपराधी हैं।

